फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Haridwar News ›   BJP rally surrounded the hands dusted PM

पीएम की रैली पर घिरे तो भाजपाइयों ने झाड़ा पल्ला

Thu, 23 Feb 2017 10:41 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो हरिद्वार
अमर उजाला ब्यूरो हरिद्वार Updated Thu, 23 Feb 2017 10:41 PM IST
विज्ञापन
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की रैली में उमड़ी भीड़ का श्रेय लेने में किसी भी भाजपा नेता ने कंजूसी नहीं बरती, लेकिन रैली विवादों में घिरी तो सब ने पल्ला झाड़ लिया। बिना अनुमति रैली करने पर चुनाव आयोग की ओर से जारी नोटिस के जवाब में भाजपा नेताओं ने एक दूसरे को इसके लिए जिम्मेदार बताया। इतना ही नहीं हरिद्वार से भाजपा प्रत्याशी मदन कौशिक ने तो यहां तक कह डाला कि वह स्थानीय विधायक होने के नाते मंच पर गए थे।       
विज्ञापन

     
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की 10 फरवरी को ऋषिकुल मैदान में हुई विजय संकल्प रैली की अनुमति न होने की बात चुनाव आयोग को मतदान के बाद याद आई। जिसके बाद भाजपा जिलाध्यक्ष सहित कई नेताओं को नोटिस जारी किए गए थे। नोटिस का संतोषजनक जवाब न मिलने पर रिटर्निंग अफसर की ओर से बुधवार को जिलाध्यक्ष जयपाल सिंह और विधानसभा संयोजक विकास तिवारी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया। लेकिन भाजपा नेताओं की ओर से चुनाव आयोग को दिए गए नोटिस के जवाब पर नजर डालें तो रैली की सफलता का श्रेय लेने वाले किसी भी भाजपा नेता इसकी जिम्मेदारी नहीं ली। बल्कि सबने बारी-बारी से पल्ला झाड़ते हुए एक दूसरे की तरफ इशारा कर दिया। विधायक मदन कौशिक ने चुनाव अभिकर्ता रहे अपने भाई मनोज कौशिक के माध्यम से चुनाव आयोग को बताया कि स्थानीय विधायक होने के नाते उन्होंने जनसभा में प्रतिभाग किया था।        
विज्ञापन


  जनसभा की व्यवस्था भाजपा उत्तराखंड की ओर से की गई थी। वहीं विधानसभा संयोजक विकास तिवारी का कहना है कि भाजपा जिलाध्यक्ष जयपाल सिंह ने तीन फरवरी को अनुमति के लिए आवेदन किया था। जबकि भाजपा जिलाध्यक्ष जयपाल सिंह अपने जवाब में कहा कि प्रदेश भाजपा की ओर से चेक मिला था, जिसे निर्वाचन आयोग को जमा कराया गया था। कुल मिलाकर रैली को लेकर भाजपा नेता बचाव की मुद्रा में नजर आए।            
विज्ञापन
विज्ञापन

      
मोदी सहित 12 प्रत्याशियों पर भी हो मुकदमा            
बिना अनुमति रैली को लेकर सिर्फ भाजपा जिलाध्यक्ष और विधानसभा संयोजक पर मुकदमे की कार्रवाई से कांग्रेस संतुष्ट नहीं है। कांग्रेस नेताओं की दलील है कि जब देर रात तक रोड शो निकालने पर सीधे राहुल गांधी और हरीश रावत के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया है तो बिना अनुमति रैली करने पर सिर्फ जयपाल सिंह और विकास तिवारी पर मुकदमा क्यों कराया गया। कांग्रेस प्रत्याशी ब्रह्मस्वरूप ब्रह्मचारी की ओर से पूर्व पालिकाध्यक्ष प्रदीप चौधरी ने भारत निर्वाचन आयोग, राज्य निर्वाचन आयोग और जिला निर्वाचन अधिकारी को लिखित शिकायती पत्र भेजकर भाजपा जिलाध्यक्ष व संयोजक के साथ साथ पीएम मोदी व मंच पर मौजूद रहे सभी 12 प्रत्याशियों के खिलाफ भी मुकदमा दर्ज कराने की मांग की है।            

सोशल मीडिया पर गरमाया मामला            
मोदी की हरिद्वार रैली पर विवाद से सोशल मीडिया पर भी भाजपा कांग्रेस नेता आमने सामने हैं। कांग्रेस लगातार पीएम मोदी के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने की मांग कर रही है। इसको लेकर भाजपा व कांग्रेस नेताओं में फेसबुक व व्हाटसएप ग्रुपों पर तीखी नोकझोंक हो रही है।            


रैली में 1.85 लाख की टैंट व कुर्सियां            
 मोदी के रैली में खर्च को लेकर कोई हिसाब न होने से भी प्रशासन की किरकिरी हो रही है। जबकि भाजपा नेताओं की ओर से नोटिस के जवाब में बताया गया है कि रैली में टैंट, कुर्सियों पर 1.85 लाख रुपये का खर्च आया है। रैली में टैंट आदि की व्यवस्था करने वाले वृंदावन टैंट हाउस हरिद्वार ने भी आयोग को बताया कि टैंट की बुकिंग और भुगतान प्रदेश भाजपा की ओर से किया गया है। रैली में टैंट के अलावा वाहनों और बैनर पोस्टरों को मिलाकर खर्च तीन लाख से ऊपर पहुंच सकता है। वहीं विधायक मदन कौशिक का कहना है सहायक व्यय पर्यवेक्षक तय करेंगे, उसी अनुसार रैली का खर्च मंच पर मौजूद रहे सभी 12 प्रत्याशियों के चुनावी खर्च में बराबर बांट लिया जाएगा। 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed