फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Champawat News ›   Stack up road construction from Tanakpur barrage to Nepal border

टनकपुर बैराज से नेपाल सीमा तक सड़क के निर्माण में तेजी लाएं

Mon, 07 May 2018 10:56 PM IST
अमर उजाला ब्यूराे टनकपुर (चंपावत)।
अमर उजाला ब्यूराे टनकपुर (चंपावत)। Updated Mon, 07 May 2018 10:56 PM IST
विज्ञापन
Stack up road construction from Tanakpur barrage to Nepal border
नेपाल सीमा पर प्रस्तावित सड़क निर्माण स्थल का निरीक्षण करते अपर मुख्य सचिव - फोटो : अमर उजाला

विज्ञापन
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 11 मई के नेपाल दौरे के मद्देनजर भारत-नेपाल के बीच 1991 में हुई संधि पर अमल होने लगा है। इसी के तहत टनकपुर बैराज से नेपाल को जोड़ने वाली 1.3 किमी सड़क निर्माण की कवायद ने गति पकड़ ली है। सोमवार को प्रदेश के अपर मुख्य सचिव ओमप्रकाश ने पहले बनबसा में यूजर एजेंसी एनएचपीसी समेत विभिन्न विभागों के अधिकारियों की बैठक ली और बाद में टनकपुर बैराज का निरीक्षण किया। अपर मुख्य सचिव ने प्रस्तावित सड़क निर्माण के लिए अधिकारियों को 9 मई तक डीपीआर, वन भूमि हस्तांतरण आदि सभी कार्यवाही पूरी कर रिपोर्ट शासन को भेजने के निर्देश दिए हैं।

सोमवार को यहां पहुंचे अपर मुख्य सचिव ने पहले एनएचपीसी गेस्ट हाउस में जिला प्रशासन, एनएचपीसी, लोनिवि की पीआईयू इकाई, वन विभाग के अधिकारियों की बैठक ली। इसके बाद उन्होंने टनकपुर बैराज से नेपाल को जोड़ने वाली सड़क का निरीक्षण किया। उन्होंने यूजर एजेंसी एनएचपीसी, निर्माण एजेंसी लोनिवि की पीआईयू और वन विभाग को संयुक्त रूप से सड़क और चैनल निर्माण कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए।
विज्ञापन


उन्होंने एनएचपीसी को निर्माण से पूर्व वन अधिनियम के निस्तारण में सहयोग करने, प्रभागीय वनाधिकारी हल्द्वानी को वन भूमि हस्तांतरण लोनिवि की पीआईयू इकाई को डीपीआर तैयार कर हर हाल में रिपोर्ट शासन को भेजने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि दोनों देशों के बीच समझौते के तहत प्रस्तावित सड़क निर्माण में किसी तरह का विलंब माफ नहीं किया जाएगा। इस मौके पर केंद्रीय पर्यावरण मंत्रालय के क्षेत्रीय अधिकारी कमलप्रीत, वन संरक्षक डॉ. पराग मधुकर धकाते, जिलाधिकारी डॉ. अहमद इकबाल, एसपी धीरेंद्र गुंज्याल, एसई लोनिवि हरीश पांगती, एनएचपीसी के महाप्रबंधक रईस मियां, ईई लोनिवि पीआईयू इकाई राजेश पुनेठा, डीएफओ हल्द्वानी डॉ. चंद्रशेखर सनवाल, डीएफओ चंपावत केएस बिष्ट, एसडीएम अनिल चन्याल, एसडीएम चंपावत सीमा विश्वकर्मा, ईई एनएच एलडी मथेला, तहसीलदार पूनम पंत आदि अधिकारी मौजूद थे।
विज्ञापन
विज्ञापन


बैराज से नेपाल को सिंचाई के लिए चैनल भी बनाकर देना है
टनकपुर जल विद्युत परियोजना निर्माण के वक्त 1991 में नेपाल के साथ हुए समझौते के तहत भारत सरकार को टनकपुर बैराज से 1.3 किमी सड़क का निर्माण ही नहीं, बल्कि सिंचाई के लिए नेपाल को इतनी ही लंबी नहर भी बनाकर देनी है। लोनिवि के अधीक्षण अभियंता हरीश पांगती के मुताबिक सड़क निर्माण के लिए 2.34 हेक्टेयर वन भूमि हस्तांतरित होगी। सड़क की चौड़ाई 9 से 18 मीटर होगी। इसके निर्माण में क्षतिपूर्ति को छोड़ 5.13 करोड़ रुपये खर्च होंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed