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पहले सुविधा दो फिर टैक्स लो... व्यापारियों ने किया प्रदर्शन
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चौमेल में जिला पंचायत के खिलाफ प्रदर्शन करते व्यापारी व क्षेत्रीय लोग।
- फोटो : LOHAGHAT
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लोहाघाट (चंपावत)। चौमेल बाजार के व्यापारी जिला पंचायत को कर नहीं देंगे। सुविधाएं न मिलने से नाराज व्यापारियों ने रविवार को ये एलान किया। इसके लिए उन्होंने प्रदर्शन भी किया। चेतावनी दी कि वे सुविधाएं मिलने तक कोई कर नहीं चुकाएंगे।
व्यापारियों ने जिला पंचायत के खिलाफ प्रदर्शन कर बाजार में सुविधाएं उपलब्ध करवाने की मांग की। सुविधाएं न देने पर किसी भी प्रकार के कर का भुगतान नहीं करेंगे।
व्यापारियों और क्षेत्र के जन प्रतिनिधियों का कहना है कि जिला पंचायत ग्रामीण क्षेत्रों की दुकानों और अन्य कारोबारी प्रतिष्ठानों से कर तो वसूलती है, लेकिन क्षेत्र के लोगों को कोई सुविधा नहीं देती है।
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कहा कि पंचायत सार्वजनिक शौचालय, मूत्रालय, पथ प्रकाश, सार्वजनिक रास्तों का निर्माण जैसी जरूरी सुविधाएं मुहैय्या नहीं करवा रही है। इससे लोगों को दिक्कत होती है।
प्रदर्शन करने वालों में ग्राम प्रधान प्रकाश सिंह महर, आशा बिष्ट, नवीन पाठक, कुलदीप फर्त्याल, महेश पवार, हरि सिंह बिष्ट, श्याम सिंह आदि थे। वहीं जिला पंचायत के अपर मुख्य अधिकारी राजेश कुमार का कहना है कि व्यापारियों से बात की जाएगी। उनके क्षेत्र की विकास योजनाओं पर काम करवाया जाएगा।
हर साल वसूले जाते हैं लाखों रुपये
लोहाघाट (चंपावत)। जिला पंचायत ग्रामीण क्षेत्र के व्यापारियों और दुकानदारों से हर साल लाइसेंस शुल्क वसूलती है। इसमें चाय, किराने की दुकान, आटा चक्की से लेकर शराब की दुकान तक शामिल हैं। जिले की 313 ग्राम पंचायतों में दो हजार से अधिक छोटी-बड़ी दुकानें हैं। इनसे 10 लाख रुपये से अधिक सालाना आय होती है।
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व्यापारियों ने जिला पंचायत के खिलाफ प्रदर्शन कर बाजार में सुविधाएं उपलब्ध करवाने की मांग की। सुविधाएं न देने पर किसी भी प्रकार के कर का भुगतान नहीं करेंगे।
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व्यापारियों और क्षेत्र के जन प्रतिनिधियों का कहना है कि जिला पंचायत ग्रामीण क्षेत्रों की दुकानों और अन्य कारोबारी प्रतिष्ठानों से कर तो वसूलती है, लेकिन क्षेत्र के लोगों को कोई सुविधा नहीं देती है।
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कहा कि पंचायत सार्वजनिक शौचालय, मूत्रालय, पथ प्रकाश, सार्वजनिक रास्तों का निर्माण जैसी जरूरी सुविधाएं मुहैय्या नहीं करवा रही है। इससे लोगों को दिक्कत होती है।
प्रदर्शन करने वालों में ग्राम प्रधान प्रकाश सिंह महर, आशा बिष्ट, नवीन पाठक, कुलदीप फर्त्याल, महेश पवार, हरि सिंह बिष्ट, श्याम सिंह आदि थे। वहीं जिला पंचायत के अपर मुख्य अधिकारी राजेश कुमार का कहना है कि व्यापारियों से बात की जाएगी। उनके क्षेत्र की विकास योजनाओं पर काम करवाया जाएगा।
हर साल वसूले जाते हैं लाखों रुपये
लोहाघाट (चंपावत)। जिला पंचायत ग्रामीण क्षेत्र के व्यापारियों और दुकानदारों से हर साल लाइसेंस शुल्क वसूलती है। इसमें चाय, किराने की दुकान, आटा चक्की से लेकर शराब की दुकान तक शामिल हैं। जिले की 313 ग्राम पंचायतों में दो हजार से अधिक छोटी-बड़ी दुकानें हैं। इनसे 10 लाख रुपये से अधिक सालाना आय होती है।