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गौरा महोत्सव के दूसरे दिन भजन-कीर्तनों की धूम
ब्यूरो/अमर उजाला, चंपावत
Updated Thu, 25 Aug 2016 10:10 PM IST
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आठूं महोत्सव की धूम
- फोटो : अमर उजाला
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चंपावत/लोहाघाट/टनकपुर। गौरा महोत्सव के दूसरे दिन यहां भजन-कीर्तनों की धूम रही। पंडित मोहन चंद्र कुलेठा ने देवी गौरा एवं महेश की पूजा-अर्चना कराई। महिलाओं ने ओ शिव कैलाशी ओ पर्वतवासी गीत गाया। कार्यक्रम में पूर्व मंत्री बीना महराना, मणिप्रभा तिवारी, जानकी बिष्ट, पार्वती तिवारी आदि महिलाएं शामिल थीं।
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वहीं, नेपाल सीमा से जुड़े जिंडी, सुनकुरी, लेटी, लुपड़ा, निडिल, नरसो, देवकुड़ा, खडनोला, सुंगरखाल आदि गांव में विशिष्ट लोक गौरा पर्व जारी है। सौन, सामंत और चंद सूर्यवंशी राजपूतों की ओर से यह पर्व विशेष रूप से मनाया जाता है। यहां के प्रत्येक घरों में शुद्धता के साथ पुआल से मां गौरा की मूर्ति बनाकर उसका शृंगार कर उसे पवित्र स्थान पर स्थापित किया गया है।
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जिंडी में जिला पंचायत सदस्य पुष्कर बोहरा, आनंद अधिकारी ने गौरा महोत्सव का आगाज किया। इससे पहले गौरा देवी की मूर्ति की शोभायात्रा निकाली गई। आयोजन समिति की ओर से जिला पंचायत सदस्य मुकेश कुमार, कल्यान चंद, मदन कलौनी, देवी चंद, भगत राम, प्रताप चंद आदि ने अतिथियों का स्वागत किया। सुनकुरी गांव में महिलाओं एवं लोगों ने हाथों में ध्वज लेकर भगवान शिव का जयकारा करते हुए मंदिर में प्रवेश किया।
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इससे पहले यहां मंदिर में विशेष पूजा की गई, जिसमें समीपवर्ती गांव के लोगों ने भाग लिया। टनकपुर ग्रामीण क्षेत्रों में परंपरागत कुमाऊंनी रीति रिवाज के साथ भक्तों ने गौरा-महेश की पूजा अर्चना की। टनकपुर के ग्रामीण क्षेत्र सैलानीगोठ, आमबाग, ककरालीगेट, नयागोठ, गैंड़ाख्याली आदि में आठूं पर्व परंपरागत तरीकों से मनाया जा रहा है।
चंपावत। नागनाथ मंदिर में दो दिनी फूल डोला मेला शुक्रवार से शुरू होगा। मेला आयोजन समिति के मुखिया भगवत शरण राय ने बताया कि डोला शाम पांच बजे नागनाथ मंदिर से बालेश्वर मंदिर तक ले जाया जाएगा। मेले में रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम भी होंगे।
शुक्रवार रात को बिंदुखत्ता की प्रहलाद मेहरा एंड पार्टी और शनिवार को खटीमा के सारस सांस्कृतिक कला मंच कला का हुनर बिखेरेंगे। विकास शाह, सौरभ शाह, नीरज, देवेंद्र वर्मा, हीरा बल्लभ पलसाई आदि ने बृहस्पतिवार को तैयारियों का जायजा लिया।