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Chamoli News: चमोली की बेटी भागीरथी ने हैदराबाद में मैराथन में जीता रजत
Sun, 30 Aug 2026 05:03 PM IST
देहरादून ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चमोली
संवाद न्यूज एजेंसी, चमोली
Updated Sun, 30 Aug 2026 05:03 PM IST
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फोटो
2 घंटे 51 मिनट में पूरी की 42 किमी की दौड़, अब ओलंपिक में स्वर्ण जीतने का सपना
संवाद न्यूज एजेंसी
गोपेश्वर/कर्णप्रयाग। चमोली जिले के वाण गांव की बेटी भागीरथी बिष्ट (24) ने हैदराबाद में आयोजित मैराथन में शानदार प्रदर्शन कर उत्तराखंड का नाम रोशन किया है। भागीरथी ने 42 किलोमीटर की मैराथन 2 घंटे 51 मिनट में पूरी की और रजत पदक जीता। तेलंगाना के मुख्यमंत्री अनुमुला रेवंत रेड्डी ने उन्हें पदक प्रदान कर सम्मानित किया।
भागीरथी ने वाण गांव की पगडंडियों से दौड़ का सफर शुरू किया। ग्रामीण परिवेश और सीमित संसाधनों के बावजूद भागीरथी ने कड़ी मेहनत और नियमित प्रशिक्षण के दम पर राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान बनाई। उनके प्रदर्शन से चमोली और देवाल क्षेत्र में खुशी की लहर है। भागीरथी के कोच एवं अंतरराष्ट्रीय मैराथन एथलीट सुनील शर्मा ने बताया कि भागीरथी इससे पहले ईरान में आयोजित 42 किमी मैराथन में भारत का प्रतिनिधित्व कर चुकी हैं। देश के विभिन्न हिस्सों में हुई प्रतियोगिताओं में भी उन्होंने शानदार प्रदर्शन किया है। अब भागीरथी का लक्ष्य ओलंपिक में भारत का प्रतिनिधित्व कर मैराथन में स्वर्ण पदक जीतना है।
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2 घंटे 51 मिनट में पूरी की 42 किमी की दौड़, अब ओलंपिक में स्वर्ण जीतने का सपना
संवाद न्यूज एजेंसी
गोपेश्वर/कर्णप्रयाग। चमोली जिले के वाण गांव की बेटी भागीरथी बिष्ट (24) ने हैदराबाद में आयोजित मैराथन में शानदार प्रदर्शन कर उत्तराखंड का नाम रोशन किया है। भागीरथी ने 42 किलोमीटर की मैराथन 2 घंटे 51 मिनट में पूरी की और रजत पदक जीता। तेलंगाना के मुख्यमंत्री अनुमुला रेवंत रेड्डी ने उन्हें पदक प्रदान कर सम्मानित किया।
भागीरथी ने वाण गांव की पगडंडियों से दौड़ का सफर शुरू किया। ग्रामीण परिवेश और सीमित संसाधनों के बावजूद भागीरथी ने कड़ी मेहनत और नियमित प्रशिक्षण के दम पर राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान बनाई। उनके प्रदर्शन से चमोली और देवाल क्षेत्र में खुशी की लहर है। भागीरथी के कोच एवं अंतरराष्ट्रीय मैराथन एथलीट सुनील शर्मा ने बताया कि भागीरथी इससे पहले ईरान में आयोजित 42 किमी मैराथन में भारत का प्रतिनिधित्व कर चुकी हैं। देश के विभिन्न हिस्सों में हुई प्रतियोगिताओं में भी उन्होंने शानदार प्रदर्शन किया है। अब भागीरथी का लक्ष्य ओलंपिक में भारत का प्रतिनिधित्व कर मैराथन में स्वर्ण पदक जीतना है।
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