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रेल आने पर रुकेगा पहाड़ से पलायन
Updated Wed, 05 Sep 2018 12:15 AM IST
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बागेश्वर। टनकपुर-बागेश्वर रेल लाइन मार्ग निर्माण की मांग को लेकर रेल मार्ग निर्माण संघर्ष समिति का आंदोलन मंगलवार को भी जारी रहा। संघर्ष समिति ने केंद्र सरकार पर पर्वतीय क्षेत्र की अनदेखी करने का आरोप लगाते हुए कहा कि पर्वतीय क्षेत्र में रेल आने के बाद ही पलायन जैसी विभीषिका को खत्म किया जा सकता है।
मंगलवार को क्रमिक अनशन में नंदन टम्टा, सुरेंद्र पिलख्वाल बैठे। अनशनकारियों ने कहा कि जब तक बागेश्वर में रेल लाइन नहीं आ जाती है तब तक आंदोलन जारी रहेगा। अध्यक्षता संघर्ष समिति अध्यक्ष नीमा दफौटी, संचालन खड़क राम आर्य ने किया। वहां डीआर आर्य, गोविंद सिंह भंडारी, डुंगर सिंह नेगी, हीराबल्लभ भट्ट, गिरीश भट्ट, हयात सिंह मेहता, डॉ. प्रताप सिंह गढ़िया, चंदन ऐठानी, कनीज खान, केवल ड्योड़ी आदि थे।
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मंगलवार को क्रमिक अनशन में नंदन टम्टा, सुरेंद्र पिलख्वाल बैठे। अनशनकारियों ने कहा कि जब तक बागेश्वर में रेल लाइन नहीं आ जाती है तब तक आंदोलन जारी रहेगा। अध्यक्षता संघर्ष समिति अध्यक्ष नीमा दफौटी, संचालन खड़क राम आर्य ने किया। वहां डीआर आर्य, गोविंद सिंह भंडारी, डुंगर सिंह नेगी, हीराबल्लभ भट्ट, गिरीश भट्ट, हयात सिंह मेहता, डॉ. प्रताप सिंह गढ़िया, चंदन ऐठानी, कनीज खान, केवल ड्योड़ी आदि थे।
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