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प्रशिक्षित बेरोजगारों की न्याय के देवता से गुहार
ब्यूरो, अमर उजाला अल्मोड़ा।
Updated Fri, 26 Aug 2016 11:22 PM IST
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न्याय के देवता को दी अर्जी
- फोटो : अमर उजाला
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अल्मोड़ा। अनुसूचित जाति बीएड (टीईटी) प्रशिक्षित बैकलॉग संघर्षशील बेरोजगार महासंघ ने प्रदेश सरकार पर अनुसूचित जाति के प्रशिक्षित बेरोजगारों की उपेक्षा का आरोप लगाया है। बेरोजगारों ने शुक्रवार को चितई गोलू देवता मंदिर में अर्जी लगाकर न्याय की गुहार लगाई।
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बेरोजगारों का कहना है कि प्रदेश में शिक्षकों के बैगलॉग के 1030 पद खाली हैं, लेकिन सरकार बेरोजगारों का उत्पीड़न कर उन्हें नियुक्ति नहीं दे रही है। मुख्यमंत्री हरीश रावत ने खाली पदों को भरे जाने का पूर्व में आश्वासन दिया पर कोई कार्रवाई नहीं हुई।
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इससे बेरोजगारों में मुख्यमंत्री और कांग्रेस सरकार के खिलाफ नाराजगी है। न्याय की गुहार लगाने को बेरोजगार चितई गोलू दरबार पहुंचे और नियुक्ति के लिए भगवान गोलू के यहां अर्जी लगाई।
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गुहार लगाने वालों में समिति के सदस्य सत्येंद्र कुमार, मनदीप टम्टा, दीप प्रकाश, नवल किशोर, हरीश प्रधान, अनिल कुमार, हेमू, गणेश, कैलाश चंद्र आर्या, गजदीप कुमार आदि शामिल हैं।