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ड्रेस कोड लागू करने की योजना धरातल पर नहीं उतरी
अल्मोड़ा़, अमर उजाला ब्यूरो
Updated Tue, 01 Aug 2017 11:41 PM IST
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सरकार के राजकीय शिक्षकों के लिए एक अगस्त से ड्रेस कोड लागू करने के आदेश पहले दिन ही धरातल पर नहीं उतर पाए। शासन के आदेश का विरोध करते हुए शिक्षक मंगलवार को बगैर ड्रेस पहने ही स्कूल पहुंचे। शिक्षक संगठनों के आह्वान पर सरकार द्वारा तय किए गए ड्रेस कोड की शिक्षकों ने खिलाफत की है। शिक्षा विभाग ने एक अगस्त से सरकारी स्कूलों के शिक्षकों को निर्धारित ड्रेस में स्कूल आने के निर्देश दिए थे।
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मालूम हो कि महानिदेशक विद्यालयी शिक्षा ने राजकीय शिक्षकों के लिए डार्क स्काई ब्लू कमीज और स्टील ग्रे रंग की पैंट, वहीं शिक्षिकाओं के लिए आसमानी साड़ी, ब्लाउज अथवा सूट अनिवाय किया है, पर मंगलवार पहले दिन ही प्राथमिक से लेकर इंटरमीडिएट तक के राजकीय शिक्षक निर्धारित ड्रेस के बगैर ही स्कूलों में पहुंचे और शिक्षण कार्य किया है।
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शिक्षक संघों ने सरकार के ड्रेस कोड का विरोध किया है। राजकीय शिक्षक संघ के आह्वान पर शिक्षक सरकार से स्थानांतरण, स्कूलों के कोटिकरण, पदोन्नति आदि समस्याएं हल करने की मांग कर रहे हैं। प्राथमिक शिक्षक भी ग्रेड-पे, स्कूलों में पर्याप्त शिक्षकों की नियुक्त की मांग पर अडिग हैं।
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