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राज्यपाल गुरमीत सिंह ने किए जागेश्वर धाम और चितई गोलू मंदिर के दर्शन
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अल्मोड़ा के जागेश्वर धाम में पूजा अर्चना के बाद लोगों से मिलते राज्यपाल गुरमीत सिंह।
- फोटो : ALMORA
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अल्मोड़ा। उत्तराखंड के राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (सेवानिवृत्त) बुधवार को जिले के भ्रमण पर पहुंचे। राज्यपाल ने जागेश्वर धाम और चितई गोलू देवता मंदिर में पूजा-अर्चना कर प्रदेश की सुख शांति और समृद्धि के लिए प्रार्थना की।
उन्होंने डीएम वंदना से वार्ता करते हुए कहा कि यह क्षेत्र अध्यात्म एवं पर्यटन की दृष्टि से अपना विशेष स्थान रखता है। लोगों की आर्थिकी को पर्यटन से जोड़े जाने पर कार्य किया जाए। होम-स्टे योजना के लिए भी इस क्षेत्र में विशेष कार्य किए जाएं।
चितई गोलू मंदिर में दर्शन के दौरान उन्होंने कहा कि हमें धार्मिक यात्राओं का सर्किट बनाना होगा। चारधाम के अलावा अन्य धार्मिक स्थानों को भी इससे जोड़ना होगा। उनका कहना था कि विश्व में गुरुनानक देव के जितने भी अनुयायी हैं, वे हेमकुंड साहिब, रीठा सहिब, नानकमत्ता, देहरादून और हरिद्वार में स्थित गुरुद्वारों में आकर आध्यात्मिक अनुभूति प्राप्त करें। हमें इसके लिए सड़क मार्ग, हेलीपैड और संचार व्यवस्थाओं को और अधिक विकसित करना होगा।
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उन्होंने पलायन को रोकने के लिए उत्तराखंड से बाहर रह रहे लोगों से अपील की कि वे वापस राज्य आकर कृषि, बागवानी और पर्यटन से जुड़कर आत्मनिर्भर बनें और देश के लिए एक मिसाल पेश करें। वहां पर एडीसी तरुण कुमार, एसएसपी प्रदीप कुमार राय, सीडीओ नवनीत पांडे, एडीएम सीएस मर्तोलिया, जागेश्वर मंदिर प्रबंधक ज्योत्स्ना पंत आदि मौजूद रहे।
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उन्होंने डीएम वंदना से वार्ता करते हुए कहा कि यह क्षेत्र अध्यात्म एवं पर्यटन की दृष्टि से अपना विशेष स्थान रखता है। लोगों की आर्थिकी को पर्यटन से जोड़े जाने पर कार्य किया जाए। होम-स्टे योजना के लिए भी इस क्षेत्र में विशेष कार्य किए जाएं।
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चितई गोलू मंदिर में दर्शन के दौरान उन्होंने कहा कि हमें धार्मिक यात्राओं का सर्किट बनाना होगा। चारधाम के अलावा अन्य धार्मिक स्थानों को भी इससे जोड़ना होगा। उनका कहना था कि विश्व में गुरुनानक देव के जितने भी अनुयायी हैं, वे हेमकुंड साहिब, रीठा सहिब, नानकमत्ता, देहरादून और हरिद्वार में स्थित गुरुद्वारों में आकर आध्यात्मिक अनुभूति प्राप्त करें। हमें इसके लिए सड़क मार्ग, हेलीपैड और संचार व्यवस्थाओं को और अधिक विकसित करना होगा।
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उन्होंने पलायन को रोकने के लिए उत्तराखंड से बाहर रह रहे लोगों से अपील की कि वे वापस राज्य आकर कृषि, बागवानी और पर्यटन से जुड़कर आत्मनिर्भर बनें और देश के लिए एक मिसाल पेश करें। वहां पर एडीसी तरुण कुमार, एसएसपी प्रदीप कुमार राय, सीडीओ नवनीत पांडे, एडीएम सीएस मर्तोलिया, जागेश्वर मंदिर प्रबंधक ज्योत्स्ना पंत आदि मौजूद रहे।