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गीता भवन में रचना दिवस महोत्सव
ब्यूरा/अमर उजाला, अल्मोड़ा।
Updated Fri, 18 Mar 2016 12:16 AM IST
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रचना कार्यक्रम
- फोटो : अमर उजाला
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अल्मोड़ा। मोहन उप्रेती लोक संस्कृति कला, विज्ञान शोध समिति की ओर से नंदादेवी स्थित गीता भवन में रचना दिवस महोत्सव जारी है। कलाकारों ने कुमाऊंनी, गढ़वाली लोकगीत और नृत्य की शानदार प्रस्तुति देकर लोगों का मन मोह लिया। इस मौके पर चार लोगों को सम्मानित भी किया गया।
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लोक गायिका बसंती बिष्ट को जागर विद्या को नए आयाम देने के लिए मोहन उप्रेती लोक संस्कृति सम्मान, उत्तराखंड राज्य गीत के रचयिता हेमंत बिष्ट को कौस्तुभ सम्मान, हिंदी साहित्य में किए गए काम के लिए साहित्यकार डॉ. दिवा भट्ट, काष्ठ कला को नए आयाम देने के लिए जगदीश जोशी को समिति सम्मान से सम्मानित किया गया। संस्था के अध्यक्ष हेमंत जोशी ने सभी को शॉल ओढ़ाकर सम्मानित किया। लोक गायिका बसंती बिष्ट ने नंदा जागर और गोल्जयू जागर का गायन किया। हेमंत बिष्ट ने गीत की प्रस्तुति दी।
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डॉ. दिवा भट्ट ने कहा कि मोहन उप्रेती लोक संस्कृति के ध्वज वाहक थे। संस्था द्वारा दिए जाने वाले सम्मान के लिए जुगाड़ की आवश्यकता नहीं होती है। संस्था अपनी कसौटी के आधार पर ही इसका चयन करती है। लोक गायक पूरन, शेखर सिजवाली, लता पांडे ने लोक गीत प्रस्तत किए। संचालन किरन पंत ने किया। इस मौके पर चंद्रशेखर पांडे, प्रकाश पांडे, शिरीष पांडे, शशिमोहन पांडे, शशिशेखर जोशी, डा. दीपा जोशी, चंद्रकला भट्ट, चंदू पांडे, कविता पांडे, नवनीत जोशी, गोविंद, गोरी कांडपाल, हरीश पंडित आदि थे।
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