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ओ माता नंदा सुनंदा तू दैण है जाए माता गौरी अंबा तू दैण जाए
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कुमाऊं महोत्सव के दौरान गाने गाते गोपाल चम्याल । संवाद
- फोटो : ALMORA
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अल्मोड़ा। श्री राम सांस्कृतिक और सामाजिक सेवा समिति की ओर से जीआईसी अल्मोड़ा के मैदान में आयोजित 10 दिवसीय श्रीकृष्ण जन्माष्टमी कुमाऊं महोत्सव के स्टार नाइट कुमाऊंनी लोक गायकों के नाम रही।
लोक गायक हरिमन ने ओ माता नंदा सुनंदा तू दैण है जाए माता गौरी अंबा तू दैण जाए.., उतराखंड मेरी मातृभूमि हिमाला मेरी पितृ भूमि.., होसिया मेरी प्राणी.. कुमाऊंनी गीत समेत राधा तेरी माला जपै.. आदि गाया। कौशल पांडे ने चंदना मेरो पहाड़ आए डाना काणा देखले बांज डाई सेव बैठले.., मोहना-मोहना-मोहना, मोहना रटी गै मेरो दिल मां मोहना रटि गै .., चांदी का बटना दाज्यू कुर्ती कॉलर में.. बेडू पाको बारह मासा नरैण काफल पाको चैता मेरी छैला.. गीतों की प्रस्तुति दी।
लोक गायक गोपाल सिंह चम्याल ने सजणा कुमाऊं मेरो सजणा कुमाऊं कुमाऊं की सोणी छ तू तसिक किले शरमाऊं, पाना पनुली चकोरा तिले धारो बोला.. गीत प्रस्तुत कर दर्शकों को झूमने को मजबूर कर दिया। विक्की ने थल की बाजारा, मै जा छू कमला...आदि कुमाऊंनी गीत प्रस्तुत किए। कलाकारों ने जैसे ही मंच पर कुमाऊंनी गीत प्रस्तुत किया दर्शक दीर्घा में बैठे दर्शकों ने तालियां बजा कर उनका उत्साह वर्धन किया। महोत्सव में हुई मेहंदी सजाओ प्रतियोगिता में 44 प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया। प्रतियोगिता प्रभारी निशा बिष्ट थीं। मुख्य निर्णायक राजुल बसंल और सहयोगी निर्णायक प्रियंका भट्ट थे। नृत्य और गायन प्रतियोगिता में 24 प्रतिभागियों ने प्रतिभाग किया। निर्णायक रमेश लाल, अखिलेश थापा, मनमोहन चौधरी, देवेंद्र भट्ट थे। यहां समिति के अध्यक्ष राजेंद्र तिवारी, मुख्य संयोजक अमरनाथ नेगी आदि मौजूद थे।
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लोक गायक हरिमन ने ओ माता नंदा सुनंदा तू दैण है जाए माता गौरी अंबा तू दैण जाए.., उतराखंड मेरी मातृभूमि हिमाला मेरी पितृ भूमि.., होसिया मेरी प्राणी.. कुमाऊंनी गीत समेत राधा तेरी माला जपै.. आदि गाया। कौशल पांडे ने चंदना मेरो पहाड़ आए डाना काणा देखले बांज डाई सेव बैठले.., मोहना-मोहना-मोहना, मोहना रटी गै मेरो दिल मां मोहना रटि गै .., चांदी का बटना दाज्यू कुर्ती कॉलर में.. बेडू पाको बारह मासा नरैण काफल पाको चैता मेरी छैला.. गीतों की प्रस्तुति दी।
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लोक गायक गोपाल सिंह चम्याल ने सजणा कुमाऊं मेरो सजणा कुमाऊं कुमाऊं की सोणी छ तू तसिक किले शरमाऊं, पाना पनुली चकोरा तिले धारो बोला.. गीत प्रस्तुत कर दर्शकों को झूमने को मजबूर कर दिया। विक्की ने थल की बाजारा, मै जा छू कमला...आदि कुमाऊंनी गीत प्रस्तुत किए। कलाकारों ने जैसे ही मंच पर कुमाऊंनी गीत प्रस्तुत किया दर्शक दीर्घा में बैठे दर्शकों ने तालियां बजा कर उनका उत्साह वर्धन किया। महोत्सव में हुई मेहंदी सजाओ प्रतियोगिता में 44 प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया। प्रतियोगिता प्रभारी निशा बिष्ट थीं। मुख्य निर्णायक राजुल बसंल और सहयोगी निर्णायक प्रियंका भट्ट थे। नृत्य और गायन प्रतियोगिता में 24 प्रतिभागियों ने प्रतिभाग किया। निर्णायक रमेश लाल, अखिलेश थापा, मनमोहन चौधरी, देवेंद्र भट्ट थे। यहां समिति के अध्यक्ष राजेंद्र तिवारी, मुख्य संयोजक अमरनाथ नेगी आदि मौजूद थे।

कुमाऊं महोत्सव नृत्य प्रतियोगिता में प्रतिभाग करती नन्ही कलाकार। संवाद- फोटो : ALMORA
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