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बेरहम बदमाश बोले, चुपचाप सब दे दो वरना रेत देंगे मासूम का गला
ब्यूरो, अमर उजाला बरेली
Updated Mon, 07 Mar 2016 02:26 AM IST
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रामपुर रोड स्थित सीबीगंज की वेस्ट एंड कॉलोनी के किराना व्यापारी असलम के घर बदमाशों ने शनिवार की रात डकैती के दौरान जमकर कहर बरपाया। घर की लड़कियों को बेइज्जत किया तो मासूम बच्चों को भी नहीं छोड़ा। असलम के दो साल के मासूम बेटे अरसान के गले पर चाकू रखकर बदमाशों ने घरवालों को धमकी दी कि जो कुछ भी है वह चुपचाप दे दिया जाए, वरना मासूम की गर्दन रेत दी जाएगी। यह सुनकर सभी घरवालों का कलेजा दहल उठा और असलम की पत्नी व बहनों ने अपने जेवर, नकदी चुपचाप बदमाशों के दे दिए। बदमाशों के जाने के बाद भी परिवार के हर शख्स के चेहरे पर दहशत का खौफ नजर आ रहा था।
सौ नंबर नहीं उठा
व्यापारी असलम की बहन रूबी का कहना था कि जब बदमाश उसके घर में घुसकर परिवार वालों को बंधक बना रहे थे तो उसने 100 नंबर डायल किया, लेकिन फोन नहीं उठा। इससे उसका भरोसा उठ गया कि रात में सोने के अलावा किसी के घर आफत आने पर कोई मदद नहीं करती। रूबी ने बताया कि इसी दौरान उसने अपने रिश्तेदार सज्जाद को फोन किया तो वह और उनकी पत्नी नूर बानो और भाई शमशाद पास उनके घर आ गए। बदमाशों ने इन तीनों को भी बंधक बना लिया और सज्जाद के पास से मोबाइल लूट लिया। रूबी ने बताया कि बदमाश परिवार वालों से मारपीट कर रहे थे, तभी वह चुपके से छत पर गई और नीचे कूदकर आसपास के लोगों को मदद के लिए बुला लिया। छत से कूदी रूबी के पैरों में भी काफी चोट आई। वह दर्द से कराह रही थी।
बोलचाल से रामपुर के लग रहे थे बदमाश
असलम की मां अन्नो ने बताया कि बदमाश कह रहे थे कि उनके पास रामपुरी चाकू है। जिसने भी शोर मचाया तो उसे मार दिया जाएगा। अन्नो ने बताया कि बोलचाल से बदमाश रामपुर के लग रहे थे। सभी ढाटा बांधे थे, इसलिए किसी का चेहरा वह नहीं देख पाईं।
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बेटियों की शादी के लिए बनाए थे गहने
अन्नो ने बताया कि उनकी दो बेटी रूबी और शिखा सियानी हो रही हैं। उनकी शादी के लिए ही उन्होंने चार तोले सोने के गहने बनाए थे, जो बदमाश लूट ले गए। जिससे उनके अरमानों पर पानी फिर गया। सब कुछ लुट जाने के बाद वह क्या करें, यह उनकी समझ में नहीं आ रहा है।
जिसने सुना वह पहुंचा व्यापारी के घर
बिधौलिया के पास स्थित वेस्ट एंड कॉलोनी के व्यापारी असलम के घर डकैती की जानकारी पर कॉलोनी के अलावा आसपास के काफी लोग भी पीड़ित के घर आए। दिन में भी तांता लगा रहा। माल जेवर जाने के बाद गमजदा घर की महिलाओं को आसपास की महिलाएं दिलासा देती नजर आईं।
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सौ नंबर नहीं उठा
व्यापारी असलम की बहन रूबी का कहना था कि जब बदमाश उसके घर में घुसकर परिवार वालों को बंधक बना रहे थे तो उसने 100 नंबर डायल किया, लेकिन फोन नहीं उठा। इससे उसका भरोसा उठ गया कि रात में सोने के अलावा किसी के घर आफत आने पर कोई मदद नहीं करती। रूबी ने बताया कि इसी दौरान उसने अपने रिश्तेदार सज्जाद को फोन किया तो वह और उनकी पत्नी नूर बानो और भाई शमशाद पास उनके घर आ गए। बदमाशों ने इन तीनों को भी बंधक बना लिया और सज्जाद के पास से मोबाइल लूट लिया। रूबी ने बताया कि बदमाश परिवार वालों से मारपीट कर रहे थे, तभी वह चुपके से छत पर गई और नीचे कूदकर आसपास के लोगों को मदद के लिए बुला लिया। छत से कूदी रूबी के पैरों में भी काफी चोट आई। वह दर्द से कराह रही थी।
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बोलचाल से रामपुर के लग रहे थे बदमाश
असलम की मां अन्नो ने बताया कि बदमाश कह रहे थे कि उनके पास रामपुरी चाकू है। जिसने भी शोर मचाया तो उसे मार दिया जाएगा। अन्नो ने बताया कि बोलचाल से बदमाश रामपुर के लग रहे थे। सभी ढाटा बांधे थे, इसलिए किसी का चेहरा वह नहीं देख पाईं।
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बेटियों की शादी के लिए बनाए थे गहने
अन्नो ने बताया कि उनकी दो बेटी रूबी और शिखा सियानी हो रही हैं। उनकी शादी के लिए ही उन्होंने चार तोले सोने के गहने बनाए थे, जो बदमाश लूट ले गए। जिससे उनके अरमानों पर पानी फिर गया। सब कुछ लुट जाने के बाद वह क्या करें, यह उनकी समझ में नहीं आ रहा है।
जिसने सुना वह पहुंचा व्यापारी के घर
बिधौलिया के पास स्थित वेस्ट एंड कॉलोनी के व्यापारी असलम के घर डकैती की जानकारी पर कॉलोनी के अलावा आसपास के काफी लोग भी पीड़ित के घर आए। दिन में भी तांता लगा रहा। माल जेवर जाने के बाद गमजदा घर की महिलाओं को आसपास की महिलाएं दिलासा देती नजर आईं।