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दिव्य रोता रहा, लोग देखते रहे
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Tue, 15 Mar 2016 12:44 AM IST
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दिव्य की छाोटा भ्ााई
- फोटो : अमर उजाला आगरा
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जब बदमाशों ने दिव्य को उठाया, तो वह जोर से चिल्लाया था, मम्मी बचाओ, मम्मी बचाओ। इसके बाद जब बदमाश उसे बाइक पर लेकर चले तो वह रास्ते में जोर जोर से रोता रहा। ये सीन भी सीसीटीवी कैमरे में कैद हुए हैं। कोई उसे छुड़ाने के लिए आगे नहीं आया। उसे रोता देखकर लोग चौंक तो रहे थे। दो जगह बाइक पर चलते लोग रुके भी। लेकिन किसी ने बदमाशों को रोकने का प्रयास नहीं किया। जैसे दिव्य की मां अपने जिगर के टुकड़े के लिए बदमाशों के पीछे कार से दौड़ी थी, वैसी हिम्मत कोई और न दिखा सका। दो कैमरों में नजर आ रहा है कि दिव्य अपने छोटे छोटे हाथों से बदमाश को धक्का देने की कोशिश कर रहा है। बदमाश ने एक हाथ से उसे पकड़ रखा है। दूसरे से उसका मुंह बंद कर रखा है। वह जैसे ही उसके हाथ पकड़ने के लिए मुंह से अपना हाथ हटाता, वैसे ही वह चिल्लाता। निर्मल अर्पाटमेंट के पास आवास विकास सेक्टर 12 में अजीता नगला के रास्ते पर एक मकान में तीन सीसीटीवी कैमरे लगे हैं। इनकी फुटेज भी पुलिस ने देखी है। पुलिस सूत्रों ने बताया कि यहां दिव्य जोर से रोता हुआ लग रहा है। उसके रोने की आवाज सुनकर वहां से गुजरते लोग चौंक रहे हैं। कई ने बाइक की रफ्तार धीमी की लेकिन रुके नहीं। एक युवक रुका। उसने पीछे मुड़कर देखा लेकिन तभी बदमाश ने दिव्य का मुंह अपने हाथ से बंद कर दिया। युवक ठीक से समझ पाता, इससे पहले ही बदमाश आगे निकल गए।
मुझे भाई के साथ खेलना है
दिव्य के छोटे भाई काव्यांश की उसके परिवार ने एक पल के लिए भी अपनी नजरों से दूर नहीं होने दिया। यह दिव्य के अपहरण का ही खौफ था कि घर के अंदर होने के बावजूद परिवार के लोग पूरे दिन उसके साथ ही रहे। घर के कर्मचारियों को भी उसकी देखरेख में लगाया गया। वह बार बार कहता रहा कि उसे भाई के साथ खेलना है।
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मुझे भाई के साथ खेलना है
दिव्य के छोटे भाई काव्यांश की उसके परिवार ने एक पल के लिए भी अपनी नजरों से दूर नहीं होने दिया। यह दिव्य के अपहरण का ही खौफ था कि घर के अंदर होने के बावजूद परिवार के लोग पूरे दिन उसके साथ ही रहे। घर के कर्मचारियों को भी उसकी देखरेख में लगाया गया। वह बार बार कहता रहा कि उसे भाई के साथ खेलना है।
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