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Hindi News ›   Sports ›   Praggnanandhaa: World Champion in eight years, Grand Master in 12; Journey of the youngest World Cup runner-up

Praggnanandhaa: आठ साल में बने विश्व चैंपियन, 12 साल में ग्रैंड मास्टर; सबसे युवा विश्व कप उपविजेता का सफर

Fri, 25 Aug 2023 05:25 PM IST
शक्तिराज सिंह स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: शक्तिराज सिंह Updated Fri, 25 Aug 2023 05:25 PM IST
सार

प्रगनाननंदा आठ साल की उम्र में विश्व विजेता बने थे और पहली बार चर्चा में आए। 10 साल की उम्र में भी उन्होंने अपने वर्ग में खिताब जीता और 12 साल की उम्र में ग्रैंड मास्टर की उपाधि हासिल कर इतिहास रच दिया।
 

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Praggnanandhaa: World Champion in eight years, Grand Master in 12; Journey of the youngest World Cup runner-up
प्रगनाननंदा - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

शतरंज विश्व कप के फाइनल में भले ही प्रगनाननंदा को हार का सामना करना पड़ा हो, लेकिन हार के बावजूद वह लाखों नए फैंस बनाने में कामयाब रहे हैं। वह सबसे कम उम्र के शतरंज विश्व कप उपविजेता बने हैं। 18 साल की उम्र में उन्होंने दुनिया के नंबर एक खिलाड़ी मैग्नस कार्लसन को फाइनल में कांटे की टक्कर दी। कार्लसन उम्र में प्रगनाननंदा से लगभग दो गुने हैं। 
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कहावत है कि पूत के पांव पालने में दिख जाते हैं और प्रगनाननंदा के साथ भी ऐसा ही हुआ। वह आठ साल की उम्र से ही शतरंज की दुनिया में धमाल मचा रहे हैं और अब उन्हें भारतीय शतरंज का भविष्य माना जा रहा है। यहां हम उनके सफर के बारे में बता रहे हैं।
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2014: विश्व अंडर-8 चैंपियन बने
2015: विश्व अंडर-10 चैंपियन बने
2016: कान्स में पहली बार इंटरनेशनल मास्टर में शामिल हुए और 10 साल 10 महीने की उम्र में दुनिया के सबसे युवा इंटरनेशनल मास्टर बने
2017: 12 साल की उम्र में नीदरलैंड्स में अपने से काफी बड़े खिलाड़ियों को हराया। आइल ऑफ मैन टूर्नामेंट में 27000 से ज्यादा रेटिंग वाले डेविड हॉवेल को हराया
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2018: 12 साल, 10 महीने और 13 दिन की उम्र में दुनिया के दूसरे सबसे युवा ग्रैंड मास्टर बने, भारत के 52वें ग्रैंड मास्टर बने। पूर्व विश्व चैंपियन विश्वनाथन आनंद के साथ पहली बार खेले।
2019: विश्व अंडर-18 चैंपियन बने
2022: बोर्ड में पहली बार मैग्नस कार्लसन के खिलाफ खेले। एशियन चैंपियन बने और 2023 फाइड विश्व कप में जगह पक्की की। 17 साल की उम्र में अर्जुन अवॉर्ड हासिल किया। एयरथिंग्स मास्टर्स ऑनलाइन टूर्नामेंट में कार्लसन को हराया।
2023: टाटा स्टील मास्टर्स में विश्व चैंपियन डिंग लिरेन को हराया। शतरंज विश्व कप में सबसे युवा उपविजेता बने।

शीर्ष 10 में जगह बनाना लक्ष्य
प्रगनाननंदा को इस बात की भी खुशी है कि इस टूर्नामेंट चार भारतीय खिलाड़ी क्वार्टर फाइनल में पहुंचे। वह कहते हैं कि भारतीय खिलाड़ी इस वक्त विश्व शतरंज में अच्छा कर रहे हैं। डी गुकेश तो विश्व के शीर्ष 10 में पहुंच चुके हैं। उनकी भी कोशिश रहेगी कि वह जल्द से जल्द शीर्ष 10 में जगह बनाएं। प्रगनाननंदा ने अर्जुन एरीगेसी के बारे में कहा कि उनमें भी काफी आगे तक जाने की क्षमता है।


कैंडिडेट्स की तैयारियां अभी से
प्रगनाननंदा कहते हैं कि विश्वकप के फाइनल में पहुंचकर कैंडिडेट्स के लिए क्वालिफाई करना उनके लिए सपने के सच होने जैसा है। विश्वनाथन आनंद के बाद विश्व चैंपियन को चुनौती देने वाले का फैसला करने वाले कैंडिडेट्स टूर्नामेंट में खेलना उनके लिए चुनौती होगी। यह टूर्नामेंट अगले वर्ष है और वह अभी से इसकी तैयारी में जुट जाएंगे।
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