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Paris Olympics: ऑनलाइन उत्पीड़न करने वालों के खिलाफ इमाने खेलीफ ने लिया एक्शन, कानूनी शिकायत दर्ज कराई
Sun, 11 Aug 2024 06:34 PM IST
स्वप्निल शशांक
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, पेरिस
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, पेरिस
Published by: स्वप्निल शशांक
Updated Sun, 11 Aug 2024 06:34 PM IST
सार
वकील नबील बौदी ने कहा कि ऑनलाइन नफरत फैलाने वाले पोस्ट और भाषण से निपटने के लिए पेरिस अभियोजक के कार्यालय में शुक्रवार को शिकायत दर्ज की गई थी, जिसमें खेलीफ को निशाना बनाकर ‘गंभीर साइबर उत्पीड़न’ का आरोप लगाया गया था। उन्होंने इसे खेलीफ के खिलाफ 'महिला द्वेषपूर्ण, नस्लवादी और लिंगवादी अभियान' बताया।
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इमाने खेलीफ
- फोटो : @womenpostingws
विस्तार
पेरिस ओलंपिक में लैंगिक योग्यता के मामले ने काफी तूल पकड़ा। अल्जीरिया की मुक्केबाज इमाने खेलीफ और चीनी ताइपे की मुक्केबाज लिन यू टिंग को लेकर काफी बवाल हुआ। उन्हें पुरुष तक कहकर बुलाया गया। अब इसके खिलाफ खेलीफ एक्शन लिया है। खेलीफ ने पेरिस में स्वर्ण पर कब्जा जमाया था। खेलीफ ने पेरिस ओलंपिक के दौरान अपनी लिंग जांच के झूठे दावों के साथ ऑनलाइन उत्पीड़न के खिलाफ फ्रांस में कानूनी शिकायत दर्ज की है। उनके वकील ने रविवार को यह जानकारी दी। खेलीफ शुक्रवार को महिला वेल्टरवेट वर्ग में स्वर्ण पदक हासिल कर अपने देश अल्जीरिया के लिए बड़ी हस्ती बन गई।
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इमाने खेलीफ
- फोटो : twitter
वकील नबील बौदी ने कहा कि ऑनलाइन नफरत फैलाने वाले पोस्ट और भाषण से निपटने के लिए पेरिस अभियोजक के कार्यालय में शुक्रवार को शिकायत दर्ज की गई थी, जिसमें खेलीफ को निशाना बनाकर ‘गंभीर साइबर उत्पीड़न’ का आरोप लगाया गया था। उन्होंने इसे खेलीफ के खिलाफ 'महिला द्वेषपूर्ण, नस्लवादी और लिंगवादी अभियान' बताया।
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इमाने खेलीफ पदक पक्का करने के बाद रो पड़ीं
- फोटो : Twitter
अब यह अभियोजकों पर निर्भर है कि वे जांच शुरू करें या नहीं। फ्रांस की कानून में इस तरह की शिकायत में किसी कथित अपराधी का नाम नहीं होता है, लेकिन यह जांचकर्ताओं पर छोड़ दिया जाता है कि वह यह निर्धारित करे कि गलती किसकी हो सकती है। खेलीफ ने इस ओलंपिक के अपने शुरुआती मैच में इटली की प्रतिद्वंद्वी एंजेला कारिनी के मुकाबले के महज 46 सेकेंड बाद हटने से जीत दर्ज की थी।
लिन यू टिंग
- फोटो : Twitter
कारिनी ने आरोप लगाया कि खेलीफ के मुक्कों से उन्हें काफी तेज चोट लग रही है। वह भावुक होकर रिंग से बाहर निकली जिसके बाद सोशल मीडिया पर खेलीफ को ट्रांसजेंडर या पुरूष होने का दावा किया गया। खेलीफ ने कहा कि उनके बारे में गलतफहमियां फैलाना 'मानवीय गरिमा को नुकसान पहुंचाता है।' अंतरराष्ट्रीय ओलंपिक समिति (आईओसी) द्वारा प्रतिबंधित अंतरराष्ट्रीय मुक्केबाजी संघ (आईबीए) ने दावा किया था कि खेलीफ और ताइवान की लिन यू-टिंग 2023 विश्व मुक्केबाजी चैंपियनशिप में लिंग पात्रता परीक्षण में विफल रही थी। आईबीए पर प्रतिबंध के बाद आईओसी के कार्यबल टोक्यो ओलंपिक के बाद पेरिस में भी मुक्केबाजी का संचालन किया। आईओसी ने आईबीए द्वारा इन दोनों पर लगाए गए मनमाने लिंग परीक्षण को बेहद दोषपूर्ण बताया है और पेरिस खेलों की शुरुआत से ही दोनों मुक्केबाजों का बचाव किया है।