{"_id":"66a232dadadabebb1400406a","slug":"paris-olympics-2024-who-is-ankita-bhakat-made-a-strong-start-in-the-olympics-know-struggle-story-2024-07-25","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"Paris Olympics 2024: कौन हैं अंकिता भकत? ओलंपिक में की दमदार शुरुआत, संघर्षों की कहानी सुनकर रह जाएंगे हैरान","category":{"title":"Sports","title_hn":"खेल","slug":"sports"}}
Paris Olympics 2024: कौन हैं अंकिता भकत? ओलंपिक में की दमदार शुरुआत, संघर्षों की कहानी सुनकर रह जाएंगे हैरान
Thu, 25 Jul 2024 04:42 PM IST
Mayank Tripathi
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: Mayank Tripathi
Updated Thu, 25 Jul 2024 04:42 PM IST
सार
पश्चिम बंगाल की रहने वाली अंकिता भकत ने अपनी मेहनत के दम पर इस मुकाम को हासिल किया है। वह भारत के लिए पदक तीरंदाजी में पदक जीतने की सबसे बड़ी दावेदार मानी जा रही हैं। आज हम आपको अंकिता के संघर्षों की कहानी बताएंगे। आइये जानते हैं...
विज्ञापन
अंकिता भकत
- फोटो : PTI
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
पेरिस ओलंपिक 2024 का आधिकारिक आगाज 26 जुलाई (शुक्रवार) को होगा। इससे पहले तीरंदाजी के क्वालिफाइंग राउंड एक दिन पहले शुरू हो चुके हैं। महिला तीरंदाजी रैंकिंग राउंड गुरुवार को खत्म हो गया जिसमें भारत की तीन तीरंदाज दीपिका कुमारी, अंकिता भकत और भजन कौर मैदान पर उतरीं। अंकिता 666 के अपने सीजन बेस्ट स्कोर के साथ 11वें स्थान पर रहीं, जबकि भजन 659 के स्कोर के साथ 22वें और दीपिका 658 के स्कोर के साथ 23वें स्थान पर रहीं।
विज्ञापन
अंकिता भकत
- फोटो : PTI
पश्चिम बंगाल की रहने वाली अंकिता भकत ने अपनी मेहनत के दम पर इस मुकाम को हासिल किया है। वह भारत के लिए पदक तीरंदाजी में पदक जीतने की सबसे बड़ी दावेदार मानी जा रही हैं। आज हम आपको अंकिता के संघर्षों की कहानी बताएंगे। आइये जानते हैं...
विज्ञापन
विज्ञापन
अंकिता भकत
- फोटो : PTI
महज 10 वर्ष की आयु में अंकिता ने तीरंदाजी में हाथ आजमाना शुरू कर दिया था। उन्होंने कोलकाता के सर्कस मैदान में एक स्थानीय तीरंदाजी प्रतियोगिता में भाग लिया था। उनके पिता दूध का कोरबार करते थे। परिवार का आर्थिक हालात भी कुछ खास ठीक नहीं थे। इस सबके बावजूद अंकिता ने कभी हार नहीं मानी और संघर्ष किया। उन्होंने स्थानीय क्लब में उधार के उपकरणों से अभ्यास शुरू किया और तीरंदाजी के गुण सीखे। उनकी मेहनत रंग लाई और साल 2014 में उन्हें टाटा तीरंदाजी अकादमी में जगह मिली। करियर के शुरुआती दौर में अंकिता ने तीरंदाजी की कला कोच धर्मेंद्र तिवारी, पूर्णिमा महतो और राम अवधेश के मार्गदर्शन में सीखी।
अंकिता भकत
- फोटो : instagram
साल 2015 में अंकिता ने पहली बार विश्व तीरंदाजी युवा चैंपियनशिप में भारत का प्रतिनिधित्व किया था। उस दौरान उनकी उम्र महज 18 साल थी। इसके बाद उन्होंने कभी पीछे मुड़कर नहीं देखा। इसी साल अंकिता ने सियोल अंतरराष्ट्रीय यूथ आर्चरी फेस्ट में रजत और कांस्य पदक जीता था। 2017 में उन्होंने एशिया कप और भारतीय सीनियर नेशनल चैंपियनशिप का फाइनल भी खेला था।
अंकिता भकत
- फोटो : instagram
अंकिता ने अपने करियर का पहला गोल्ड 2022 में जीता था। जेआरडी टाटा स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स में हुए खेलो इंडिया महिला नेशनल रैंकिंग तीरंदाजी टूर्नामेंट में उन्होंने शानदार प्रदर्शन किया था। अंकिता 2017 अंडर 21 विश्व चैंपियनशिप में मिश्रित टीम (जेम्सन सिंह निंगथौजाम के साथ) में स्वर्ण पदक विजेता हैं। वह हांग्जो 2022 एशियाई खेलों में टीम रिकर्व कांस्य पदक विजेता (भजन कौर और सिमरनजीत कौर के साथ) हैं और तीन बार की एशियाई चैंपियनशिप टीम पदक विजेता हैं - 2021 में रजत, 2019 और 2023 में कांस्य। अब वह पेरिस ओलंपिक में धमाल मचाने के लिए तैयार हैं।