ओलंपिक टिकट के लिए अपने खर्च पर ओलंपिक ट्रायल में उतरेंगे तीरंदाज
टोक्यो ओलंपिक का टिकट हासिल करने के लिए देश के उभरते-नामी तीरंदाजों को खुद रहने और खाने का इंतजाम कर ओपन ट्रायल में उतरना पड़ेगा। चार से छह जनवरी को आर्मी स्पोर्ट्स इंस्टीट्यूट (एएसआई) में रखे गए ओलंपिक ट्रायल में खेलने के लिए योग्य तीरंदाजों को खुद के रहने और खाने की व्यवस्था करने को कहा गया है।
ज्यदातर तीरंदाजों में इसको लेकर नाराजगी है। खासतौर पर महिला तीरंदाजों में इस बात को लेकर रोष है कि उन्हें अब अपने साथ सुरक्षा के लिए माता-पिता को साथ ले जाना होगा साथ में खाने का भी इंतजाम भी करना होगा। ऐसे में कहीं न कहीं ट्रायल में उनका प्रदर्शन प्रभावित होगा।
पहले रहने-खाने की होती थी व्यवस्था
आर्चरी एसोसिएशन ऑफ इंडिया (एएआई) के प्रतिबंधित होने के चलते अदालत की ओर से नियुक्त अस्बत्न समिति ने आदेश में कहा है कि चार जनवरी के ट्रायल में खेलने वाले योग्य तीरंदाज उनके साथ आने वाले कोच और ऑफिशियल को खाने और रहने का खुद इंतजाम करना होगा। राष्ट्रीय तीरंदाजों का कहना है कि पहले फेडरेशन और साई की ओर से आयोजित ओपन ट्रायल में खाने और रहने की व्यवस्था की जाती थी।
सिर्फ कोच को अपने रहने का इंतजाम करना होता था, लेकिन इस बार उन्हें यह व्यवस्था खुद करने को कहा गया है। ट्रायल में खेलने की योग्यता के अनुसार 100 से भी कम तीरंदाज खेलने के योग्य निकलेंगे। तीरंदाजों के अनुसार उनके लिए बड़ी दिक्कत यह है कि एएसआई से होटल कुछ दूरी पर स्थित हैं। इससे उनकी उनकी परेशानियां और बढ़ेंगी।
ट्रायल से आठ-आठ तीरंदाज होंगे चयनित
अस्थाई समिति ने तीरंदाजों के टोक्यो ओलंपिक के चयन का रोड मैप तैयार किया है। इसके तहत चार से छह और 18 से 22 जनवरी को एएसआई में ट्रायल रखे गए हैं। चार जनवरी से होने वाली ट्रायल में पुरुषों में 650 और महिलाओं में 630 का स्कोर रखने वाले तीरंदाजों को खेलने की योग्यता दी गई है। इस ट्रायल से पुरुष और महिलाओं में सर्वोच्च आठ-आठ तीरंदाज 18 जनवरी के ट्रायल के लिए क्वालिफाई करेंगे।
इस ट्रायल में उनका मुकाबला अगस्त में हुए पहले ट्रायल से चयनित 12-12 तीरंदाजों से होगा। इन 20-20 तीरंदाजों से आठ-आठ तीरंदाज चुने जाएंगे। पहले चार तीरंदाज इंडिया ए टीम के लिए चीन में होने वाले दूसरे विश्व कप में खेलेंगे और पांच से आठ की रैंकिंग वाले तीरंदाज ग्वाटेमाला में होने वाले प्रथम विश्व कप में खेलेंगे। इन आठ तीरंदाजों में से ही रैंकिंग के आधार पर ओलंपिक के लिए टीम चुनी जाएगी।