फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Sports ›   India ranks 3rd for third year in a row in world doping chart

डोप के दागियों में फिर तीसरे स्थान पर रहा भारत

Wed, 05 Apr 2017 06:10 AM IST
amarujala.com-presented by:संदीप भट्ट
amarujala.com-presented by:संदीप भट्ट Updated Wed, 05 Apr 2017 06:10 AM IST
विज्ञापन
India ranks 3rd for third year in a row in world doping chart

वाडा की डोप पॉजिटिव खिलाड़ियों की रिपोर्ट में भारत एक बार फिर तीसरे स्थान पर रहा है। साल 2015 की इस रिपोर्ट में पहले की तरह भारत से ऊपर टॉप पर रूस (176) है जबकि दूसरे स्थान पर इटली (129 ) रहा है। भारत के 117 एंटी डोपिंग नियमों के उल्लंघन के मामले सामने आए हैं। यह संख्या साल 2013 (91) और 2014 (96) से अधिक है।

विज्ञापन


हालांकि 2015 में अत्यधिक डोप पॉजिटिव केसों के चलते नाडा को यह डर सता रहा था कि कहीं वह इस सूची में दूसरे स्थान पर न पहुंच जाए। नाडा का डर सही निकला है, डोप पॉजिटिव केसों की संख्या बढ़ी है, लेकिन रूस और इटली के नंबर में भी बढ़ोतरी हुई है। यही कारण है कि भारत सूची में तीसरे स्थान पर ही बना है। वाडा ने यह रिपोर्ट 31 जनवरी तक बनाए गए चार्ट के आधार पर जारी की है।
विज्ञापन


117 में से 115 मामले मूत्र सैंपलों की एनालिटिकल रिपोर्ट के हैं, जबकि दो मामले नॉन एनालिटिकल (टेस्ट से भागना, प्रतिबंधित दवा का पकड़ा जाना) भी हैं। वाडा की ओर से जारी इस रिपोर्ट में पॉजिटिव पाए गए 78 खिलाड़ी पुरुष हैं, जबकि 37 खिलाड़ी महिलाएं हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


खास बात यह है कि पॉजिटिव खिलाड़ियों के मामले में वेटलिफ्टिंग ने इस बार एथलेटिक्स को पछाड़ दिया है। 32 पुरुष और 24 महिलाओं समेत कुल 56 लिफ्टर डोप में पकड़े गए हैं। इसके बाद 14 पुरुष और सात महिलाओं समेत कुल 21 एथलीटों का नंबर है। आठ-आठ पहलवान और बॉक्सर भी फंसे हैं। साल 2015 में नाडा की ओर से कुल पांच हजार एक सौ 62 सैंपल लिए गए, जिसमें 110 खिलाड़ी पॉजिटिव हैं। बाकी के पांच विदेश में पकड़े गए हैं। 


नाडा को सता रहा था दूसरे स्थान पर आने का डर
नाडा के महानिदेशक नवीन अग्रवाल साफ करते हैं कि जिस तरह से साल 2015 में डोप पॉजिटिव मामले सामने आए उन्हें डर सता रहा था कि कहीं भारत इस सूची में कहीं तीसरे स्थान से दूसरे स्थान पर न पहुंच जाए, लेकिन रूस और इटली के  नंबर भी बढ़े हैं। हालांकि इटली और भारत के बीच पहले के मुकाबले अंतर काफी कम हुआ है। नवीन अग्रवाल स्पष्ट करते हैं कि साल 2016 और 2017 में डोप के मामले कम हुए हैं। उन्हें  उम्मीद है कि इन दोनों सालों में भारत सूची में नीचे आएगा। नाडा ने इसके लिए जोर-शोर से जागरूकता अभियान चला रखा है, साथ ही डोप को कानून के दायरे में लाने की भी कोशिशें चल रही हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all Sports news in Hindi related to live update of Sports News, live scores and more cricket news etc. Stay updated with us for all breaking news from Sports and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed