ISL 2018: चेन्नइयन एफसी ने जीता रोमांचक फाइनल, दूसरी बार बना चैंपियन
चेन्नइयन एफसी ने शनिवार को खिताब की दावेदार बंगलूरू एफसी को 3-2 से हराकर इंडियन सुपर लीग का खिताब जीत लिया। विजेता टीम की ओर से ब्राजील के मैलसन अल्वेस ने दो गोल किए। यह चेन्नइयन का आईएसएल में दूसरा खिताब है।
इसके साथ ही उसने एटीके के दो खिताब जीतने के रिकॉर्ड की बराबरी भी कर ली। बंगलूरू की टीम फाइनल से पहले दस मैचों से हारी नहीं थी। बंगलूरू की ओर से सुनील छेत्री ने नौवें मिनट में गोल कर मेजबान टीम को बढ़त दिलाई थी लेकिन अल्वेस ने 17वें मिनट में चेन्नइयन को बराबरी दिला दी।
उसके बाद 45वें मिनट में हेडर से गोल कर टीम को मध्यांतर तक 2-1 की बढ़त दिला दी। अन्य ब्राजीली राफेल अगस्टो ने चेन्नइयन का तीसरा गोल 67वें मिनट में कर सिरी कांतिवीरा स्टेडियम में बैठे बंगलूरू के समर्थकों के चेहरों पर मायूसी ला दी। मिकू ने इंजरी टाइम में गोल कर बंगलूरू की हार का अंतर कम किया। फाइनल में हुए पांच में से चार गोल हेडर की मदद से हुए।
बराबरी हासिल करने में बंगलूरू एफसी ने रक्षक पंक्ति में दरार छोड़ दी जिसका चेन्नइयन ने फायदा उठाया। बंगलूरू ने फाइनल मुकाबले की शुरुआत प्रभावशाली ढंग से की थी और छेत्री के गोल से मिली बढ़त के बाद मनोवैज्ञानिक रूप से टीम का पलड़ा भी भारी लगने लगा था।
छेत्री ने उदांता सिंह के क्रास पर हेडर से गोल किया था। हालांकि मेजबान टीम की खुशी ज्यादा देर तक कायम नहीं रह सकी। अल्वेस ने ग्रेगोरी नेल्सन की मदद से मिली गेंद पर हेडर से बराबरी का गोल दाग दिया था।