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कंधे और गर्दन के दर्द से निजात दिलाएंगे ये आसन
नई दिल्ली/इंटरनेट डेस्क
Updated Thu, 10 Jan 2013 05:04 PM IST
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दिन भर ऑफिस में बैठकर काम, शारीरिक मेहनत में कमी, सोने का गलत तरीका या गलत जीवनशैली। वजह जो भी हो पर कंधे और गर्दन में दर्द आज जैसे हमारी लाइफ का पार्ट बन गया है। ऐसे में कमर और गर्दन के दर्द से राहत के लिए तरह-तरह की पेनकिलर दवाएं या ऑयनमेंट का सहारा लेने के बजाय अगर आप अपनी जीवनशैली में इन योगासनों को शामिल करेंगे तो यह समस्या आपको कभी नहीं सताएगी।
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द्रुत ताड़ासन
इस आसन को आप खड़े होकर या बैठकर कर सकते हैं। सीधी अवस्था में खड़े हो जाएं या बैठ जाएं। दोनों हाथ ऊपर की ओर उठाएं। अब सांस लेते हुए दोनों हाथों को ऊपर की ओर जितना अधिक खींच सकें खीचें। अब सांस छोड़ते हुए दाईं ओर झुकें और कुछ सेकंड रुकें और फिर उसी अवस्था में आ जाएं। इसके बाद यह प्रक्रिया बाईं ओर झुककर दोहराएं? फिर सीधे होकर सामान्य मुद्रा में आ जाएं। इस पूरी प्रक्रिया को प्रतिदिन 10 से 15 बार दोहराएं।
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ताड़ासन
इस आसन के लिए सीधे खड़े हों या वज्रासन में बैठ जाएं। फिर दोनों हाथों को सामने की ओर लाएं और उंगलियों को आपस में इंटरलॉक करें। हाथों को इसी आवस्था में ऊपर की उठाएं। अब सांस खींचते हुए हाथों को जितना स्ट्रेच कर सकें करें और फिर सांस छोड़ते हुए सामान्य मुद्रा में आ जाएं।
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पर्वतासन
पर्वतासन के लिए सुखासन में बैठ जाएं।.दोनों हाथों को नमस्ते के आकार में जोड़ते हुए ऊपर की ओर ले जाएं। गहरी सांस लेते हुए कंधे, बाजू और पीठ की मांसपेशियों में एक साथ खिंचाव महसूस करें। इस स्थिति में एक से दो मिनट तक रहें। सांस छोड़ते हुए हाथों को नीचे लाएं। प्रतिदिन 10 से 15 बार ये आसन करें।
ब्रह्ममुद्रा आसन
इस आसन को करने के लिए पहले पद्मासन, सिद्धासन या वज्रासन में अच्छी तरह से बैठ जाएं। फिर गर्दन सीधी रखते हुए धीरे-धीरे दाईं ओर ले जाएं। कुछ देर रुकें और फिर गर्दन को सीधे बाईं ओर ले जाएं। फिर कुछ क्षण बाद पुनः दाईं ओर सिर घुमाएं। अब सिर को 3-4 बार क्लॉकवाइज और उतनी ही बार एंटी क्लॉकवाइज घुमाएं।