फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Spirituality ›   Metaphysical ›   who will go to the heaven or hell

ऐसे तय होता है कि कौन स्वर्ग जाएगा और कौन नर्क

Thu, 11 Feb 2016 03:45 PM IST
रामकृष्ण परमहंस
रामकृष्ण परमहंस Updated Thu, 11 Feb 2016 03:45 PM IST
विज्ञापन
who will go to the heaven or hell

ब्राह्मण और वेश्या एक ही गली में एक दूसरे के पड़ोस में रहते थे। ब्राह्मण अपनी भक्ति के लिए बहुत विख्यात था। वह सारा दिन अनंत कर्मकांड करने के लिए प्रसिद्ध था। वह तप और संयम का जीवन जीता था। वह कभी हंसता नहीं था और स्वयं को महान संत समझता था।

विज्ञापन


भक्तों को वह ईश्वर की ओर ले जाने वाले उस मार्ग का उपदेश देता था, जो केवल त्याग और समर्पण से प्रशस्त था। दूसरी ओर, वेश्या जीवन यापन के लिए अपना शरीर बेच रही थी।
विज्ञापन


एक दिन ब्राह्मण उसे उपदेश देने उसके घर गया। ब्राह्मण ने उसे कहा, तुम बड़ी पापिन हो, तुम्हारे पाप कर्मों की संख्या बढ़ती ही जा रही है। मृत्यु के पश्चात एक भयंकर परिणाम तुम्हारी प्रतीक्षा में हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन

ब्राह्मण और वेश्या की मृत्यु एक ही दिन

who will go to the heaven or hell

उस स्त्री ने पूरे मन से प्रायश्चित किया। ईश्वर से उसने क्षमा याचना की। लेकिन उसके पास कोई दूसरी जीविका नहीं थी, इसलिए उसने वेश्यावृति जारी रखी। मगर उसने एक क्षण भी ईश्वर से क्षमा याचना और विनती करना नहीं छोड़ा।

ब्राह्मण और वेश्या की मृत्यु एक ही दिन हुई। मृत्यु के देव यम उस स्त्री की आत्मा को लेने आए और उसे स्वर्ग की ओर ले गए। जबकि ब्राह्मण की आत्मा को नर्क में डालने के लिए दैत्य पहुंचे। ब्राह्मण चिल्लाया, यह कैसी बात है?

अवश्य तुमसे कोई भूल हुई है। मैने पवित्र जीवन जिया है। मैं नर्क में क्यों जाऊंगा? जबकि पाप का जीवन जीने वाली यह स्त्री स्वर्ग जा रही है!

इसल‌िए पुजारी को नर्क और वेश्या को स्वर्ग म‌िला

who will go to the heaven or hell

दैत्यों ने कहा, यह स्त्री अपना शरीर बेच रही थी। लेकिन वह सदा ईश्वर के बारे में सोचती रहती थी। वह ईश्वर से क्षमा याचना करती रहती थी। इसके विपरीत तुम हमेशा पूजा पाठ किया करते थे।

तब भी तुम्हारा मन सदा तुम्हारी पड़ोसन के पाप कर्म पर लगा रहता था। तुम्हें बस पाप ही दिखाई देता था। तुम बस पाप के विषय में ही सोचते थे।

इसलिए तुम अब वहां जा रहे हो, जहां पापी पाए जाते हैं। हम क्या बनेंगे, इसका निर्धारण हमारे कर्मों से नहीं, बल्कि हमारे विचारों से होता है।

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय हिंदी न्यूज़ वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें आस्था समाचार से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। आस्था जगत की अन्य खबरें जैसे पॉज़िटिव लाइफ़ फैक्ट्स, परामनोविज्ञान समाचार, स्वास्थ्य संबंधी योग समाचार, सभी धर्म और त्योहार आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed