Death Certificate: हमें आए दिन कई तरह के दस्तावेजों की जरूरत होती रहती है। जैसे- डेथ सर्टिफिकेट। दरअसल, जब परिवार के किसी सदस्य का निधन हो जाता है, तो लोग उसका क्रिया क्रम तो करवाते हैं, लेकिन ज्यादातर लोग डेथ सर्टिफिकेट नहीं बनवाते हैं। शायद उन्हें लगता है कि इसकी क्या ही जरूरत पड़ेगी? पर वो भूल जाते हैं कि कई काम ऐसे हैं जो इस दस्तावेज के न होने पर अटक सकते हैं। अगर मृत व्यक्ति की कोई पॉलिसी है, बैंक में पैसा जमा है या कोई दूसरा निवेश किया है, तो इन सब में क्लेम करने के लिए आपको डेथ सर्टिफिकेट की जरूरत होती है। तो अगर आपने अपने किसी मृत सदस्य का सर्टिफिकेट नहीं बनवाया है, तो आप बनवा सकते हैं। इसका तरीका आप अगली स्लाइड्स में जान सकते हैं...
काम की बात: क्यों है डेथ सर्टिफिकेट बनवाना जरूरी और क्या है तरीका? यहां जानें
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ये बातें पहले जान लें:-
- अगर आपके किसी अपने का निधन हुआ है, तो व्यक्ति की मौत के 21 दिनों के अंदर आपको आवेदन करना होता है
- आवेदन के 5-7 दिनों बाद आपको डेथ सर्टिफिकेट बनकर मिल जाता है।
यहां से मिलता है फॉर्म
- अगर आप को भी किसी का डेथ सर्टिफिकेट बनवाना है, तो इसके लिए आपको फॉर्म चाहिए होता है ताकि आप आवेदन कर सके
- ये फॉर्म आप नगर निगम की वेबसाइट से या स्थानीय रजिस्ट्रार ऑफिस से ले सकते हैं।
इन दस्तावेजों की पड़ती है जरूरत:-
अगर आप किसी का डेथ सर्टिफिकेट बनवा रहे हैं, तो आपको कुछ दस्तावेज चाहिए, जिसमें...
- आधार कार्ड
- राशन कार्ड
- स्थानीय निवास प्रमाणपत्र
- मृतक के साथ आपका क्या संबंध है, इसका प्रूफ
- निधन की तिथि और समय की जानकारी समेत जन्मतिथि आदि शामिल है।
यहां जमा करवा दें फॉर्म
- जब फॉर्म भर जाए, तो संग संबंधित दस्तावेज लगाकर इसे रजिस्ट्रार/सब रजिस्ट्रार के वहां जमा करवा दें
- इसके बाद पूरी प्रक्रिया फॉलो होने के बाद आपको डेथ सर्टिफिकेट बनाकर दे दिया जाता है।