हिन्दू धर्म में जन्माष्टमी पर्व भगवान श्रीकृष्ण का जन्मोत्सव है, जिसे बड़ी धूमधाम के साथ मनाया जाता है। इस बार यह त्योहार 12 अगस्त को पड़ रहा है। भगवान श्रीकृष्ण का जन्म भाद्रपद माह में कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि रोहिणी नक्षत्र में हुआ था। इस दिन श्रीकृष्ण के भक्त उनकी आराधना में उपवास रखते हैं। घरों में बाल गोपाल की पूजा होती है। उनके लिए झूले सजाएं जाते हैं। हालांकि बाल गोपाल की पूजा में कुछ बातों का विशेष ध्यान रखा जाता है। ये बातें इस प्रकार हैं-
{"_id":"5f2d12af8341784e0d66ca8f","slug":"janmashtami-2020-know-puja-vidhi-of-bal-gopal","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"Janmashtami 2020: ये हैं बाल गोपाल पूजन की अहम बातें, पूजा के दौरान कभी न भूलें","category":{"title":"Religion","title_hn":"धर्म","slug":"religion"}}
Janmashtami 2020: ये हैं बाल गोपाल पूजन की अहम बातें, पूजा के दौरान कभी न भूलें
Sat, 08 Aug 2020 07:22 AM IST
रुस्तम राणा
धर्म डेस्क, अमर उजाला
धर्म डेस्क, अमर उजाला
Published by: रुस्तम राणा
Updated Sat, 08 Aug 2020 07:22 AM IST
विज्ञापन
जन्माष्टमी 2020: बाल गोपाल पूजा विधि
- फोटो : सोशल मीडिया
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कृष्ण जन्माष्टमी 2020
- फोटो : अमर उजाला
- सुबह जल्दी उठने के बाद सबसे पहले बाल गोपाल की पूजा और भोग लगाना चाहिए।
- बाल गोपाल की पूजा में प्रयोग की जाने वाली सभी सामग्रियों का शुद्ध होना जरूर है। इसलिए पूजा के बर्तन को जरूर साफ करें।
जन्माष्टमी 2020
- फोटो : अमर उजाला
- बाल गोपाल को साफ जल और गंगाजल से प्रतिदिन स्नान जरूर करवाना चाहिए।
- स्नान करवाने के बाद चंदन का टीका लगाएं।
विज्ञापन
विज्ञापन
गर्म पोशाक धारण किए भगवान
- फोटो : अमर उजाला
- बाल गोपाल के कपड़ों को रोजाना बदलें। इसके अलावा दिन के अनुसार अलग-अलग रंग वाले कपड़े ही पहनाएं जैसे सोमवार को सफेद, मंगलवार को लाल, बुधवार को हरा, गुरुवार को पीला, शुक्रवार को नारंगी, शनिवार को नीला और रविवार को लाल कपड़ा।
विज्ञापन
Lord Krishna wore Jewellery worth rupees 50 crore in Gwalior
- लड्डू गोपाल को मक्खन, मिश्री और तुलसी के पत्ते बहुत पसंद होता है। इसलिए भोग में रोजाना इसे जरूर शामिल करें।
- रोजाना लड्डू गोपाल के श्रृंगार में उनके कान की बाली, कलाई में कड़ा, हाथों में बांसुरी और मोरपंख जरूर होना चाहिए।