कुंबले और भज्जी से आगे जाने का मौका, अश्विन के पास है सिर्फ 2 चांस
टीम इंडिया के नंबर वन फिरकी गेंदबाज आर अश्विन के लिए साल 2015 बेहद स्वप्निल साल साबित हो रहा है। वह अनिल कुंबले के एक और रिकॉर्ड को तोड़ने के करीब पहुंच गए हैं। नागपुर टेस्ट की दोनों पारियों में अश्विन ने दक्षिण अफ्रीका के 5-5 विकेट झटककर उनकी पारी सस्ते में समेट दी। एशिया में वह सिर्फ 22 टेस्ट मैचों में 15वीं बार 5 या उससे ज्यादा विकेट झटके हैं।
कुंबले और भज्जी से आगे जाने का मौका, अश्विन के पास है सिर्फ 2 चांस
पहली पारी के आधार पर आर अश्विन ने एशियाई धरती पर शुरुआती 22 टेस्ट मैचों में सबसे ज्यादा 142 विकेट झटके हैं। उन्होंने पाकिस्तान के तेज गेंदबाज वकार युनूस ने 130 विकेट झटकने के रिकॉर्ड को तोड़ा है।
कुंबले और भज्जी से आगे जाने का मौका, अश्विन के पास है सिर्फ 2 चांस
टीम इंडिया के लिए सफलता की सबसे बड़ी आस बनकर उभरे आर अश्विन ने 2015 में 6 बार 5 या उससे ज्यादा विकेट झटके। टेस्ट इतिहास में सिर्फ नौंवीं बार हुआ जब किसी भारतीय गेंदबाज ने एक साल में 5 बार कम से कम 5 विकेट लिए। उन्होंने नागपुर टेस्ट की दोनों पारियों में 5-5 विकेट झटककर अपनी सफलता को 6 तक पहुंचा दिया।
कुंबले और भज्जी से आगे जाने का मौका, अश्विन के पास है सिर्फ 2 चांस
नागपुर टेस्ट की पहली पारी में 5 विकेट लेने वाले आर अश्विन ने दूसरी पारी में 7 विकेट झटककर मैच में कुल 12 विकेट अपने नाम कर लिया। इस सफलता के दम पर उन्होंने इस साल विकेटों का अर्धशतक लगा दिया। उन्होंने इस साल 8 टेस्ट में 55 विकेट झटके हैं।
कुंबले और भज्जी से आगे जाने का मौका, अश्विन के पास है सिर्फ 2 चांस
अश्विन जिस तेजी से विकेट झटक कर रहे उससे उनके पास एक नया भारतीय रिकॉर्ड बनाने का मौका बन गया है। उन्होंने एक साल में सबसे ज्यादा 6 बार 5 या उससे ज्यादा विकेट लेने का कारनामा लेने के भारतीय रिकॉर्ड का बराबरी कर ली। अब उनके पास इस रिकॉर्ड को तोड़ने के लिए दिल्ली टेस्ट की 2 पारियां हैं जो अगले महीने खेली जाएगी। उनसे पहले भारत के 3 गेंदबाजों ने एक साल में यह कारनामा 6 बार किया था।