शिक्षिका के अपहरण पर फूटा गुस्सा, पुलिस पर भारी पथराव
यूपी के मैनपुरी में शिक्षिका अपहरण मामले में पुलिस की ढिलाई पर लोगों का आक्रोश अंतत: गुरुवार को फूट पड़ा। भीड़ ने करहल चौराहे पर पांच घंटे जाम लगाए रखा। जबरन हटाने की कोशिश हुई तो आधा घंटे तक पथराव किया। पथराव में डीएम और कई पुलिसकर्मियों को चोटें आईं। एक दर्जन से अधिक वाहनों में तोड़फोड़ हुई और छह लोग हिरासत में ले लिए गए। (सभी फोटो: अमर उजाला ब्यूरो, आगरा)
शिक्षिका के अपहरण पर फूटा गुस्सा, पुलिस पर भारी पथराव
यादव नगर निवासी शिक्षिका सुमन यादव (24) का गत 16 मई को अपहरण हो गया था। अब तक उसका सुराग नहीं है हालांकि तीन लोग हिरासत में लिए गए। पुलिस पर ढिलाई का आरोप लगाते हुए लोगों ने सुबह 8:30 बजे करहल चौराहे पर जाम लगाकर धरना शुरू कर दिया। उनकी मांग थी कि 24 घंटे के भीतर शिक्षिका को मुक्त कराया जाए।
शिक्षिका के अपहरण पर फूटा गुस्सा, पुलिस पर भारी पथराव
इस दौरान एक के बाद एक भाजपा महिला मोर्चा प्रदेश सचिव मंजूषा चौहान, जिलाध्यक्ष बीना श्रीवास्तव, भाजपा जिलाध्यक्ष आलोक गुप्ता और सपा नेता सतीश यादव वहां पहुंचे तो आंदोलनकारियों को बल मिला। करीब दो घंटे बाद सीओ सिटी फिर दोपहर लगभग 12 बजे एडीएम सिटी डाक्टर चंद्रभूषण व एएसपी स्वामीनाथ पहुंचे। उन्होंने समझाने की कोशिश की लेकिन लोग नहीं माने।
शिक्षिका के अपहरण पर फूटा गुस्सा, पुलिस पर भारी पथराव
दोपहर एक बजे डीएम चंद्रपाल और एसपी श्रीकांत सिंह आए। जाम हटाने की उनकी अपील भी नहीं सुनी गई तो उन्होंने जबरन हटाने के आदेश दिए। बस, इसी के बाद भीड़ उग्र हो गई और पथराव शुरू कर दिया। पुलिस ने भी जवाब ऐसा ही करने की कोशिश की पर भीड़ भारी पड़ी। पीएसी के जवानों को भी छिपना पड़ा। लगभग आधा घंटे तक दोनों ओर से पथराव में दो बसों सहित एक दर्जन से अधिक वाहनों के शीशे टूट गए।
शिक्षिका के अपहरण पर फूटा गुस्सा, पुलिस पर भारी पथराव
पुलिस ने छह लोगों को हिरासत में लिया। तीन गाड़़ियां जब्त कीं। दोपहर 1:40 बजे यातायात सुचारू हो सका। डीएम और एसपी ने कहा है कि शिक्षिका को शीघ्र ही मुक्त करा लिया जाएगा लेकिन उपद्रवी बख्शे नहीं जाएंगे।