अवैध खनन की भेंट चढ़े 4 मासूम, आखिर दोषी कौन?
लखीमपुर खीरी में प्रशासन की लापरवाही का मामला सामने आया है। खीरी टाउन कस्बे के पास खेत में ईंट भट्ठों के लिए अवैध रूप से किए गए खनन के बाद हुए गड्ढे में भरे बरसात के पानी में डूबकर चार बच्चों की मौत हो गई।
अवैध खनन की भेंट चढ़े 4 मासूम, आखिर दोषी कौन?
ये बच्चे दो परिवारों के हैं, जिनमें दो सगे भाई बहन हैं और दो सगे भाई हैं। वहीं निघासन इलाके में मवेशी चराते वक्त घाघरा नदी से निकले सोतिया नाले में डूबकर नारेंद्रनगर बेली गांव के चचेरे भाई बहन की मौत हो गई। तीसरी घटना में ओयल के गांव पेन्योरा में ननिहाल आया सात साल का बच्चा शारदा ब्रांच नहर में डूब गया।
अवैध खनन की भेंट चढ़े 4 मासूम, आखिर दोषी कौन?
खीरी टाउन कस्बे के मोहल्ला हनिया टोला निवासी कन्हईलाल की नौ वर्षीय बेटी रेशमी देवी और 12 वर्षीय बेटा राकेश कुमार तथा डालूचन्द्र के 13 वर्षीय बेटे संजय और दस वर्षीय घनश्याम बुधवार को दोपहर बाद करीब दो बजे घर से दूर अपने खेत के पास खेत के गड्ढों में भरे बरसात के पानी में नहाने गए थे, जिसमें चारों बच्चों की डूबकर मौत हो गई। पुलिस ने बच्चों के शवों का पंचनामा भरकर उनके सुपुर्द कर दिया है।
अवैध खनन की भेंट चढ़े 4 मासूम, आखिर दोषी कौन?
निघासन के ढखेरवा क्षेत्र के गांव नारेंद्र नगर बेली निवासी व्यासमुनी की 10 वर्षीय बेटी रानी अपने 11 वर्षीय चचेरे भाई हरिवंश व दोस्तों धनवान और चंदन के साथ बुधवार की सुबह मवेशियों को घास चराने गए थे। करीब साढ़े दस बजे हरिवंश सोतिया नाले में उतरा पर अधिक गहराई और बाढ़ का पानी होने के कारण वह डूबने लगा।
अवैध खनन की भेंट चढ़े 4 मासूम, आखिर दोषी कौन?
उसे बचाने के प्रयास में रानी भी पानी में कूद पड़ी, जिससे दोनों डूबने लगे। दोनों को डूबता देख धनवान और चंदन चिल्लाते हुए गांव की ओर भागे। जब तक लोग पहुंचते, वे डूब चुके थे। काफी मशक्कत के बाद दोनों के शवों को बाहर निकाला गया। (मरने वाली रश्मि की फाइल फोटो)