शोधकर्ताओं का कहना है कि कर्मचारियों के लिए इस बात का अनुमान लगा पाना मुश्किल होता है कि किस समय उनके बॉस का मूड कैसा रहेगा। इसके चलते कर्मचारियों के कार्य करने की क्षमता पर भी इसका नकारात्मक प्रभाव देखा जाता है।
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पहले यह धारणा थी कि जो मालिक असंवेदनशील व कठोर होते हैं उनके कारण कर्मचारियों में अस्थिरा बढ़ जाती है। लेकिन अब यह देखा गया है कि ऐसे मालिक जो अपने कर्मचारियों के साथ कभी क्रूर तो कभी नरम बर्ताव रखते हैं अर्थात अपने मूड की बदलते रहते हैं उन कर्मचारियों में अधिक अस्थिरता होती है।
ब्रिटेन के एक्सेटर यूनिवर्सिटी के एक प्रोफेसर के मुताबिक, कर्मचारियों और मालिकों के बीच अच्छे या बुरे दोनों प्रकार के संबंध होते हैं। लेकिन कभी-कभार दोनों ही हो सकते हैं। मालिक अपने कर्मचारियों को कार्य के दौरान इनाम और दंड देते हैं, जिसका उनके आत्मसम्मान पर भी गहरा असर पड़ता है।