सऊदी अरब में कई दशकों के बाद शाही परिवार के किसी मेंबर को सजा-ए-मौत दी गई। प्रिंस तुर्की बिन सऊद अल-कबीर को मर्डर के आरोप में हाल ही में मौत की सजा दी गई है। सऊदी के गृह मंत्रालय ने प्रिंस की मौत की पुष्टि की , लेकिन इस बात का खुलासा नहीं हुआ है कि उन्हें कैसे सजा दी गई।
सऊदी में 40 साल बाद प्रिंस को मौत की सजा, बक्शे नहीं गए ये शाही मेंबर्स
बताते चलें कि करीब 40 साल बाद किसी शाही मेंबर को ऐसी सजा दी गई है। सूत्रों के अनुसार सऊदी में न्याय पर भरोसा बनाए रखने के लिए ऐसा फैसला लिया गया। सरकार की ओर से जारी बयान में कहा गया कि इससे लोगों में एक विश्वास बनेगा कि सरकार इंसाफ के लिए कितनी गंभीर हैं?
सऊदी में 40 साल बाद प्रिंस को मौत की सजा, बक्शे नहीं गए ये शाही मेंबर्स
मामला 2012 का है जब प्रिंस और मोहम्मद एक डेजर्ट पार्टी में मिले थे। खबरों के अनुसार प्रिंस का अपने दोस्त आदेल-अल-मोहम्मद से किसी बात पर झगड़ा हो गया। बौखलाए कबीर ने मोहम्मद की गोली मार कर हत्या कर दी।
इसके बाद 2014 में रियाद के एक कोर्ट ने प्रिंस को अपने दोस्त का मर्डर करने के आरोप में दोषी पाया। हालांकि, मोहम्मद के परिजनों को ब्लड मनी ऑफर की गई, लेकिन उन्होंने उसे लेने से इनकार कर दिया।
सऊदी में 40 साल बाद प्रिंस को मौत की सजा, बक्शे नहीं गए ये शाही मेंबर्स
ऐसा पहली बार नही हुआ है जब किसी शाही मेंबर को मौत की सजा सुनाई गई हो। इससे पहले 1977 में शाही नियमों का उल्लंघन करने के आरोप में प्रिंसेस मिशाएल-बिन-फहद को मौत दी गई थी। खबरों के अनुसार प्रिंसेस की शादी एक प्रिंस के तय कर दी गई, लेकिन वह किसी और लड़के से प्यार करती थीं। दबाव बनने के बाद प्रिंसेस और उनके प्रेमी ने भागने का फैसला ले लिया। दोनों ने भागने की कोशिश भी की, लेकिन पकड़ने जाने के बाद प्रिंसेस को सजा-ए-मौत दे दी गई।
सऊदी में 40 साल बाद प्रिंस को मौत की सजा, बक्शे नहीं गए ये शाही मेंबर्स
शाही मेंबर को मौत की सजा देने के मामले में प्रिंस फैसल बिन मुसैद का नाम भी शामिल है। उन्हें मर्डर के आरोप में सजा-ए-मौत दी गई। बताया जाता है कि उन्हें अपने भतीजे की हत्या करने के आरोप में गिरफ्तार किया गया था। 1947 में जन्मे मुसैद को 18 जुन, 1975 को मौत दी गई थी।