उन्नाव और कठुआ रेप के मामलों ने पूरे देश में हड़कंप मचा दिया। कठुआ मामले की गूंज तो संयुक्त राष्ट्र तक पहुंच गई। लेकिन यह हाल केवल भारत का ही नहीं है बल्कि दुनिया के और भी कई देश ऐसे हैं जहां महिलाओं के खिलाफ हिंसा लगातार बढ़ती जा रही है। आपको विस्तार से बताते हैं कि कौन सा देश महिलाओं के लिए कितना खतरनाक है:
भारत
भारत देश यूं तो पूरी दुनिया में सबसे बड़े लोकतंत्र, प्राचीन सभ्यता-संस्कृति और नारी प्रथम देश के रूप में जाना जाता है। लेकिन आज इस देश की स्थिति बिल्कुल विपरीत हो चुकी है। भारत को महिलाओं के लिए सबसे खतरनाक पांच देशों की सूची में सम्मिलित किया गया है। यहां पिछले 10 साल में पांच करोड़ महिलाएं लापता हुई हैं। देश में दुष्कर्म, तस्करी और घरेलू हिंसा का स्तर भी काफी ज्यादा है। इसके अलावा यहां 30 सालों में 10 करोड़ भ्रूण हत्याएं हुई हैं।
पाकिस्तान
पाकिस्तान में कई रीति रिवाज ऐसे हैं जो महिलाओं के विपरीत हैं। यहां हर साल 1,000 लड़कियां ऑनर किलिंग का शिकार होती हैं। इसके अलावा यहां एसिड अटैक, जबरन शादी की घटनाएं भी अधिक हैं। करीब 90 फीसदी से ज्यादा महिलाएं यहां घरेलू हिंसा का शिकार होती हैं।
अफगानिस्तान
इस देश की महिलाओं का जीवन बचपन से ही कठिनाइयों से भरा हुआ होता है। देश में 70-80 फीसदी महिलाओं की शादी कम उम्र (15-19 के बीच) में ही हो जाती है। यहां की करीब 87 फीसदी महिलाएं अशिक्षित हैं। आंकड़ों के मुताबिक यहां मातृ मृत्यु दर एक लाख में चार सौ है। इसके अलावा यहां घरेलू हिंसा के मामले भी एक आम बात हो गए हैं।
सोमालिया
यहां की महिलाओं के लिए बलात्कार, जबरन शादी, गर्भावस्था के दौरान होने वाली मौतें और खतना सबसे बड़ी समस्याएं हैं। यहां 4-11 साल की लगभग 95 फीसदी लड़कियां खतने का शिकार होती हैं। इस देश में केवल 9 फीसदी महिलाएं ही सही चिकित्सकीय मदद से बच्चे को जन्म दे पाती हैं।