सबसे कम वोट मिलने के कारण ही तांत्रिक शिवानी की घर से छुट्टी हुई है। घर से बाहर निकलते ही तांत्रिक शिवानी ने बताया कि मैं कोई एंटरटेनर नहीं हूं, साधू समाज की छवि को ठीक करने के लिए वे बिग बॉस में गईं थीं। पहले सप्ताह तो वे घरवालों को समझने में लगी रहीं, जबकि दूसरे सप्ताह वे घर से नॉमीनेट हो गईं, लेकिन जितना भी समय घर में रहीं, उन्हें लगता है कि वे अपना काम कर आई हैं।
Bigg Boss 11 से निकलते ही तांत्रिक शिवानी ने खोले घर के कई राज, बोलीं-कौन होगा विजेता?
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घरवालों के बारे में पूछने पर शिवानी दुर्गा ने बताया कि घर में विकास की सत्ता चलती है, वे सभी के साथ मिलकर चीजों को प्लान करते हैं। हिना बहुत जल्द बदलना चाहती है, इस चक्कर में वे अपना यूएसपी नहीं दिखा पा रहीं। जब उनसे विजेता के बारे में राय ली गई तो उन्होंने कहा कि मौजूदा समय में हितेन सबसे मजबूत कंटेस्टेंट हैं, क्योंकि सभी घरवाले उनकी बात मानते हैं और उन्हें इज्जत भी देते हैं।
गौरतलब है कि शिवानी दुर्गा की एंट्री को लेकर अखाड़ा परिषद् और संत समाज काफी नाराज थे। संतों की मानें तो जो बिग बॉस में जाए वो संत ही नहीं है। दरअसल, इससे पहले स्वामी ओम बिग बॉस में जाकर काफी सुर्खियां बटोर चुके हैं। संतों का मानना था उनके टीवी पर इस तरह के व्यवहार ने संतों की छवि खराब की है। ऐसे में संत समाज ने उन्हें फर्जी बताते हुए उन्हें संत मानने से इंकार भी कर दिया था।
शिवानी दुर्गा की बात की जाए तो उन्होंने अमेरिका की शिकागो यूनिवर्सिटी से तंत्र-मंत्र की पीएचडी ली है। एंट्री के समय शिवानी का कहना था कि पिछली बार स्वामी ओम ने तांत्रिकों की छवि को बिगाड़ दिया था, लेकिन वो इस छवि को वो ठीक करेंगी। शिवानी राजस्थान की रहने वाली हैं। वो उज्जैन सिंहस्थ मेले के दौरान चर्चा में आई थीं। शिवानी के फॉलोवर दुनिया भर में हैं। शिवानी तंत्र-मंत्र के अलावा कई भाषाएं बोलने में भी माहिर हैं। उन्हें संगीत की भी काफी समझ है।
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मीडिया रिपोर्ट्स की मानें तो बचपन में ही दुर्गा की मां का निधन हो गया था। इसके बाद उनके पिता ने अपनी ही एक स्टूडेंट बरखा से दोबारा शादी कर ली थी। बरखा ने सौतेली बेटी शिवानी को घर से निकाल दिया। इसके बाद शिवानी अपनी छोटी बहन के साथ अलवर के एसएमडी स्कूल में रहकर पढ़ाई करने लगीं। शिवानी का कहना है कि कई बार भूख की वजह से वह बेहोश भी हो जाती थीं तब उनकी टीचर्स पैसे इकट्ठा करके उन्हें खाना खिलाती थीं।