विराट कोहली क्रिकेट के सभी प्रारूपों में विश्व के सर्वश्रेष्ठ बल्लेबाजों में से एक हैं। उन्होंने बहुत ही जल्द अकल्पनीय ऊंचाइयां हासिल कर ली हैं। कोहली के पक्ष में उम्र भी हैं, जिसे देखकर कहना गलत नहीं होगा कि संन्यास से पहले वह कई रिकॉर्ड्स के मालिक होंगे।
क्रिकेट के लिए बेहद जुनूनी कोहली के बारे में कोई सोच सकता है कि बचपन में उनके साथ बहुत नाइंसाफी हुई। कोहली ने बचपन में बल्लेबाजी नहीं मिलने पर खूब आंसू बहाएं हैं। जी हां, यह सच है। विराट को बचपन से ही क्रिकेट से बेहद प्यार है।
विराट कोहली इतने जुनूनी रहे कि जब वह अपने भाई और दोस्तों के साथ क्रिकेट खेलते थे तो किसी भी पोजीशन पर फील्डिंग को तैयार हो जाते थे व अपनी बल्लेबाजी का इंतजार करते थे। मगर उनका दर्द तब बढ़ जाता था जब उन्हें बिना बल्लेबाजी किए घर लौटना पड़ता था और जिसे कोहली अब मजाकिया रूप से अन्याय कहते हैं।
विराट कोहली ने अपनी आधिकारिक ऐप पर कहा, 'मेरे साथ बहुत नाइंसाफी भी हुई है। उन्हें पता था कि मैं क्रिकेट के प्रति जुनूनी हूं तो किसी भी जगह पर खेल सकता हूं। जब भी बल्लेबाजी के लिए मेरी बारी आती थी तो वो सभी घर लौट जाते। मैं रोता और कहता कि वे मुझसे सबकुछ करा लेते हैं, लेकिन बल्लेबाजी का मौका नहीं देते। कभी इससे ज्यादा निराशा भी होती है।'
हालांकि, 30 वर्षीय विराट कोहली ने अपनी सफलता का श्रेय अपने बड़े भाई को दिया। उन्होंने कहा, 'मेरे भाई ने पिता का व्यापार संभाला, लेकिन मुझे मेरे इंटरेस्ट से दूर नहीं होने दिया। जब भी मेरा मैच होता था तो वह मुझे लेकर जाता, मेरा मैच देखता और फिर घर लेकर लौटता। जब मैं बड़ा हुआ तो खुद से जाने लगा। निश्चित ही वह मेरे लिए बहुत महत्वपूर्ण हैं।'