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यहां संतरे को खाया नहीं जाता लड़ी जाती है लड़ाई, कहानी सुन निकल आएंगे आंसू
Mon, 21 May 2018 10:53 AM IST
फीचर डोस्क, अमर उजाला
फीचर डोस्क, अमर उजाला
Updated Mon, 21 May 2018 10:53 AM IST
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संतरे
- फोटो : getty images
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संतरा खाया है आपने, लेकिन कैसे? टॉफियों के रूप में, जूस, जेली, स्क्वैश और आइसक्रीम के रूप में तो जरूर खाना पसंद करते होंगे लेकिन संतरे से कभी मार खाई है आपने? अगर नहीं, तो इस खेल का आनंद उठाने एक बार जरूर इटली जाएं। इटली का इवरिया शहर अपने एक खास त्योहार के लिए मशहूर है, जिसका नाम है 'बैटल ऑफ ऑरेंजेस'। इटली के लोगों के लिए यह सिर्फ त्योहार नहीं बल्कि एक परंपरा है। कहते हैं, यह परंपरा 12वीं सदी में शुरू हुई थी।
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orange peel
इस त्योहार में भाग लेने वालों के समूह बनाए जाते हैं जो एक-दूसरे के साथ इस ऑरेंज फाइट में लड़ते हैं। लोग इटली की पारम्परिक वेशभूषा में इकट्ठा होते हैं। एक कथा के अनुसार, 12वीं शताब्दी में एक स्थानीय चक्कीवाले की बेटी वॉयलेटा शहर के एक दुष्ट व्यक्ति के साथ शादी करने के सामंती कानूनों से बंधी थी।
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orange ice tea
हालांकि अपने आत्मसम्मान को बचाने के लिए उसने अपने मंगेतर का सिर काट दिया और उसके सिर को लेकर शहर में घूमी, ताकि लोगों को दिखा सके कि बुराई का अंत कैसे होता है? इस तरह उसने इवरिया शहर को उसके अत्याचारों से मुक्त कराया। उसे देख शहर के अन्य लोगों में हिम्मत बढ़ी और उसी दिन से लोग वॉयलेटा के सम्मान में यह त्योहार मनाने लगे।
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संतरा
वर्ष 1930 के दशक में स्थानीय युवतियों ने फूलों के साथ संतरे को कार्निवल परेड गाड़ियों पर फेंकना शुरू किया था। समय बदला, तो त्योहार को मनाने का अंदाज भी बदल गया। गाजे-बाजे के साथ युवाओं की टोली शहर में निकलती है। सभी पारम्परिक पोशाक में हाथों में संतरों से भरी बाल्टी लिए एक-दूसरे के साथ लड़ाई के लिए तैयार रहते हैं।
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orange
- फोटो : getty images
रेफरी और जज के रूप में कुछ बुजुर्ग होते हैं और यह उत्सव शुरू होता है। कई तरह के अन्य कार्यक्रमों का भी आयोजन होता है। हालांकि हाल के दिनों में इस उत्सव में बाजार की भागीदारी जरूर बढ़ गई है, फिर भी लोगों को इस त्योहार का इंतजार तो रहता ही है क्योंकि इस त्योहार में नारंगी रंग के जरिए महिलाएं अपने स्वाभिमान को लोगों के सामने प्रदर्शित करती हैं।
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