धार्मिक शास्त्रों एवं ज्योतिष में शंख का अत्यंत महत्व माना गया है। पौराणिक कथाओं के अनुसार अमृत प्राप्ति के लिए समुद्र मंथन के दौरान उससे प्राप्त होने वाले 14 रत्नों में से शंखों की भी उत्पत्ति हुई थी। शंख मां लक्ष्मी और भगवान विष्णु को भी प्रिय है। इसे घर में रखने से सुख-समृद्धि आती है। शंख को कुबेर का प्रतीक भी माना जाता है। क्या आपको पता है कि इसका अलग-अलग तरीके से प्रयोग करके आप ग्रहों को भी प्रसन्न कर सकते हैं। ग्रहों के अशुभ प्रभाव से बचने के लिए आप दिन के अनुसार शंख का प्रयोग कर सकते हैं। जिससे आप ग्रहों को अनुकूल बना सकते हैं। तो चलिए जानते हैं ग्रहों को शुभ करने के लिए शंख का प्रयोग...
नवग्रहों को प्रसन्न करने के लिए करें शंख का प्रयोग
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सोमवार का दिन भगवान शिव और चंद्र ग्रह का माना गया है। दूध को चंद्र का द्रव्य माना गया है। चंद्र को अनुकूल बनाने के लिए सोमवार के दिन शंख में दूध भरकर शिवजी को चढ़ाना चाहिए। इससे आपका चंद्रमा मजबूत होता है।
मंगलवार का दिन मंगल ग्रह का माना गया है। मंगल साहस और पराक्रम का कारक है। मंगल को अनुकूल बनाने के लिए, मंगलवार के दिन शंख बजाकर सुंदरकांड का पाठ करना चाहिए। इससे मंगल की अशुभ स्थिति के कारण पड़ने वाले कुप्रभाव से मुक्ति मिलती है।
बुध बुद्धि और वाकपटुता यानि वाणि का कारक माना गया है। बुधवार का दिन बुध ग्रह का माना गया है, इस दिन शंख में जल व तुलसी डालकर शालिग्राम का अभिषेक करें। इससे आपका बुध ग्रह ठीक होता है।
गरूवार के दिन शंख पर केसर से तिलक करके भगवान विष्णु की पूजा करनी चाहिए। इससे आपका गुरू ग्रह शुभ फल प्रदान करता है। भगवान विष्णु और गुरू की कृपा से आपके घर में सुख समृद्धि बनी रहती है।