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हाईटेंशन लाइन की चपेट में आकर किसान की मौत, हंगामा

Thu, 26 Oct 2017 01:10 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
अमर उजाला ब्यूरो Updated Thu, 26 Oct 2017 01:10 AM IST
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The death of the farmer due to the hiatus line, the ruckus
रूरा अकबरपुर मार्ग में जाम लगाए ग्रामीण - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
अकबरपुर कोतवाली के बन्नाजाखा गांव में टूटकर गिरे हाईटेंशन लाइन की चपेट में आकर एक किसान की मौत हो गई। वह शौच के लिए घर से निकला था। इधर, परिवार और ग्रामीणों ने मुआवजे की मांग पर शव रखकर रूरा-अकबरपुर मार्ग पर जाम लगा दिया। बवाल की सूचना पर कई थानों का फोर्स लेकर एसडीएम व सीओ पहुंचे। एसडीएम ने ग्रामीणों को समझा कर किसी तरह से शांत कराया। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा। इधर, सड़क में जाम लगाने वाले लोगों पर मुकदमा दर्ज करने के लिए कोतवाल को निर्देश दिए गए हैं।  
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कस्बे के बन्नाजाखा गांव निवासी उजियारेलाल (35) बुधवार की सुबह शौच के लिए जा रहा था। गांव के बाहर सड़क पर हाईटेंशन लाइन का तार टूटा पड़ा था, उसमें दौड़ रहे करंट की चपेट में आकर किसान की मौके पर ही मौत हो गई। घटना की जानकारी लगते घर में कोहराम मच गया। मुआवजे की मांग पर ग्रामीणों ने शव को मुक्तापुर गांव के सामने रखकर अकबरपुर-रूरा मार्ग में जाम लगा दिया।
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करीब एक घंटे तक मार्ग में आवागमन बाधित रहा। इसकी सूचना पर अकबरपुर कोतवाली के अलावा, रूरा, गजनेर, सिकंदरा आदि कई थानों का फोर्स बुला लिया गया। एसडीएम मनोज सिंह व सीओ अजय प्रकाश श्रीवास्तव मौके पर पहुंचे। ग्रामीणों ने विद्युत विभाग पर लापरवाही का आरोप लगा कार्रवाई की मांग की। एसडीएम ने पीड़ित परिवार को लापरवाह कर्मियों पर कार्रवाई किए जाने व परिवार की हर संभव मदद का भरोसा देकर शांत कराया। कोतवाल विक्रम सिंह चौहान ने बताया कि किसान के भाई गोविंद की तहरीर पर अज्ञात विद्युत कर्मियों पर लापरवाही का मुकदमा दर्ज कर शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। एसडीएम ने बताया कि मृतक को कृषक दुघर्टना बीमा योजना के तहत पांच लाख रुपये की मदद की जाएगी।
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परिवार पर टूट पड़ा दुखों का पहाड़  
बन्नाजाखा गांव में करंट की चपेट में आकर मौत का शिकार हुए किसान उजियारेलाल के नाम 10 बिस्वा जमीन थी। वहीं, वह बटाई पर खेती लेकर अपने परिवार का भरण पोषण कर रहा था। उसकी मौत के बाद परिवार में उसके छोटे बच्चों के पालन पोषण में समस्या खड़ी हो जाएगी। घटना के बाद उसकी पत्नी गीता, बेटा दीपू (14) पुष्पेंद्र (10) बेटी पुष्पा (12) व फिरोजबाला (8) बुरी तरह से बिलखते रहे। गांव के लोग उन्हें ढांढ़स बंधाते रहे।
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