LU: बीएड, एमएड में सेमेस्टर सिस्टम, कोर्स बदलने की कवायद तेज
लखनऊ विवि बीएड में सेमेस्टर सिस्टम लागू करेगा। बीएड व एमएड दो साल का होगा, साथ ही कोर्स भी अपडेट किया जाएगा। लखनऊ विवि व उससे संबद्ध 40 से अधिक बीएड कॉलेजों में नेशनल काउंसिल फॉर टीचर्स एजूकेशन (एनसीटीई) की गाइडलाइन के अनुसार कोर्स अपडेट करने के लिए शुक्रवार को महत्वपूर्ण बैठक हुई।
इसमें बीएड व एमएड कोर्स में सेमेस्टर सिस्टम लागू करने पर जोर दिया गया। बैठक में कॉलेज प्रतिनिधियों ने कहा कि अभी तक एक वर्ष का बीएड व एमएड होता था तो वार्षिक परीक्षा प्रणाली ठीक थी लेकिन अब यह कोर्स दो वर्ष के हो जाएंगे तो इसमें सेमेस्टर प्रणाली लागू करना ही उचित रहेगा।
शिक्षाशास्त्र विभाग की अध्यक्ष प्रो. निधि बाला कहती हैं कि सेमेस्टर सिस्टम लागू करने पर गंभीरता से विचार किया जा रहा है, आम सहमति बनाने के बाद इसे लागू करने के लिए कार्रवाई की जाएगी।
प्रो. निधि बाला ने बताया कि एनसीटीई ने बीएड व एमएड को वर्ष 2015-16 से दो वर्ष का किए जाने के निर्देश दिए हैं। वहीं, बीएड व एमएड के कोर्स भी समय के अनुसार अपडेट किए जाएंगे।
सेमेस्टर सिस्टम से कॉलेज सहमत
उन्होंने कहा कि सेमेस्टर प्रणाली लागू करने पर कई कॉलेज सहमत दिखे। शनिवार को भी बीएड के कुछ कॉलेजों के साथ बैठक होगी।
इसमें इस प्रस्ताव को अंतिम रूप देकर आगे बोर्ड ऑफ स्ट्डीज, एकेडमिक काउंसिल व कार्यपरिषद से पास करवाया जाएगा।
इस बैठक में कॉलेजों के प्रतिनिधियों ने अध्यापक शिक्षा के विस्तार क्षेत्र के अंदर की विशेषज्ञताओं को प्रोन्नत करने के लिए अध्यापक शिक्षा विभाग को प्रोत्साहित करेंगे।
वहीं, बीएड व एमएड के नए कोर्स को पढ़ाने के लिए शिक्षकों को एकेडमिक स्टॉफ कॉलेज के माध्यम से प्रशिक्षण भी दिया जाएगा।
स्नातकोत्तर पाठ्यक्रमों को सुदृढ़ करने के लिए भी विशेष प्रयास होंगे। प्रैक्टिकल पार्ट को बढ़ाने और नई शिक्षण विधियों को भी जोड़ने पर भी विचार किया गया।