शोक में सियासत: दिल्ली में कोरोना से हुई मौत के आंकड़ों पर बवाल, भाजपा ने मामले छिपाने का आरोप लगाया
दिल्ली में कोरोना से होने वाली कुल मौतों का आंकड़ा 15,377 तक पहुंचा। आंकड़ों को लिखने में एक गड़बड़ी के कारण इस पर बवाल शुरू हो गया...
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दिल्ली में कोरोना से होने वाली कुल मौतों के आंकड़ों पर बवाल मच गया है। बुधवार देर रात जारी दिल्ली हेल्थ बुलेटिन में सरकार ने अब तक राजधानी में होने वाली कुल कोरोना मौतों की संख्या 14,616 बता दिया, जबकि इसके ठीक एक दिन पहले यानी मंगलवार को ही संख्या 15,009 बताई जा चुकी थी। मौतों के कुल आंकड़े बढ़ने की बजाय कम होने को लेकर सियासत शुरू हो गई। भाजपा ने आरोप लगाया है कि दिल्ली सरकार कोरोना से होने वाली मौतों का कुल आंकड़ा छिपा रही है।
वहीं, दिल्ली सरकार ने गुरुवार सुबह संशोधित हेल्थ बुलेटिन जारी कर इसे एक लिपिक गलती होने का इशारा दिया है। नये बुलेटिन में कोरोना से होने वाली कुल मौतों का आंकड़ा 15,377 बताया गया है। दिल्ली सरकार से इस मामले पर कोई प्रतिक्रिया नहीं मिल सकी है।
भाजपा ने लगाया नाकामी छिपाने का आरोप
दिल्ली भाजपा प्रवक्ता खेमचंद शर्मा ने कहा कि सरकार आंकड़ों की बाजीगरी कर रही है। उन्होंने कहा कि दुनिया में यह पहला मामला है जहां कोरोना से कुल मौतों की संख्या बढ़ने की बजाय घट रही है। इसी से जनता को यह समझ आ गया है कि कोरोना के कुल मौतों के मामले में उससे झूठ बोला जा रहा है। यह दिल्ली के लोगों की संवेदनाओं के साथ खिलवाड़ है।
भाजपा प्रवक्ता ने कहा कि सरकार कोरोना की स्थिति संभाल नहीं पा रही है और राजधानी में स्थिति बहुत गंभीर होती जा रही है। उन्होंने उम्मीद जाहिर की कि अब दिल्ली हाईकोर्ट और केंद्र सरकार की सक्रियता से राजधानी में स्थिति सुधरने की संभावना है।
22 अप्रैल से स्थिति ज्यादा खराब
राजधानी ने कोरोना 1.0 में काफी अच्छी तरह से स्थिति को संभाला था। लेकिन दूसरी लहर (सरकार ने अनुसार दिल्ली में यह चौथी लहर है) में स्थिति बेकाबू होती दिख रही है। 22 अप्रैल को 24 घंटों में यहां 306 लोगों की मौत हुई थी। तब से अब तक यह आंकड़ा लगातार 300 से ऊपर ही बना हुआ है।
23 अप्रैल को 348, 26 अप्रैल को 380, 27 अप्रैल को 381 और 28 अप्रैल को 368 लोगों की कोरोना के कारण मौत हुई है। कोरोना से होने वाली कुल मौतों का आंकड़ा अभी भी कुल संक्रमित होने वाले लोगों का केवल 1.40 फीसदी है। यही कारण है कि सरकार लगातार लोगों को आश्वस्त कर रही है कि स्थिति सुधर रही है और लोग अपना धैर्य और विश्वास बनाये रखें।
स्थिति में लगातार सुधार हो रहा
मौतों की संख्या बढ़ने के बाद भी कुल स्वस्थ होने मरीजों की संख्या लगातार बढ़ रही है। राजधानी में अब तक 9.82 लाख लोगों ने कोरोना पर विजय पाई है और वे स्वस्थ होकर अपने घर वापस गये हैं। राजधानी में इस समय भी लगभग एक लाख (99,752) कोरोना एक्टिव केस हैं जिनका विभिन्न माध्यमों में इलाज चल रहा है।
दिल्ली में पिछले 24 घंटों में 81,829 कोरोना टेस्ट कराए गये हैं, जिनमें लगभग 31.76 फीसदी लोग कोरोना पॉजिटिव पाए गये हैं। यानी लगभग हर तीसरा व्यक्ति कोरोना पॉजिटिव पाया जा रहा है, जो सरकार की चिंता बढ़ा रहा है। हालांकि, कुल (CUMULATIVE) सकारात्मक होने की दर अभी भी केवल 6.46 फीसदी ही है।