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मात्र 2000 रुपये खर्चे और बन गया यूपी पुलिस का दरोगा, अब इंसाफ होगा
amarujala.com- Presented by: शारुख खान
Updated Wed, 11 Oct 2017 06:56 PM IST
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फर्जी दरोगा
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पुलिस में भर्ती होना चाहता था तो दो हजार रुपये खर्चे और यूपी पुलिस का दरोगा बन गया। खुलासा हुआ है तो अब इंसाफ भी होगा। पढ़ें पूरी खबर
उत्तर प्रदेश के शाहजहांपुर में पुलिस ने एक फर्जी दरोगा को गिरफ्तार किया है। ये दरोगा लोगों से वसूली कर रहा था। गिरफ्तारी के बाद पूछताछ में उसने चौंकाने वाले खुलासे किए हैं। स्टेशन रोड से पुलिस की वर्दी में पकड़े गए फर्जी दरोगा के खिलाफ धोखाधड़ी समेत कई धाराओं में रिपोर्ट दर्ज की गई है।
पढ़ें:- पुलिसवाला भेष बदलकर नौकरी मांगने पहुंचा, खुला ठगी का जाल
कोर्ट से उसे पुलिस अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया। पुलिस को उसके पास तलाशी के दौरान सात मोबाइल, 520 रुपये, अधिकारियों के बिना हस्ताक्षर वाला पुलिस का परिचय पत्र और चाभी के दो गुच्छे, एटीएम, पैन कार्ड आदि बरामद हुआ।
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उत्तर प्रदेश के शाहजहांपुर में पुलिस ने एक फर्जी दरोगा को गिरफ्तार किया है। ये दरोगा लोगों से वसूली कर रहा था। गिरफ्तारी के बाद पूछताछ में उसने चौंकाने वाले खुलासे किए हैं। स्टेशन रोड से पुलिस की वर्दी में पकड़े गए फर्जी दरोगा के खिलाफ धोखाधड़ी समेत कई धाराओं में रिपोर्ट दर्ज की गई है।
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कोर्ट से उसे पुलिस अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया। पुलिस को उसके पास तलाशी के दौरान सात मोबाइल, 520 रुपये, अधिकारियों के बिना हस्ताक्षर वाला पुलिस का परिचय पत्र और चाभी के दो गुच्छे, एटीएम, पैन कार्ड आदि बरामद हुआ।
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फाइल
- फोटो : सांकेतिक चित्र
सीतापुर के थाना संधना क्षेत्र के गांव सरैया ईशागंज निवासी फर्जी दरोगा संतोष कुमार भारतीय पुत्र राजकुमार भारतीय ने पुलिस को बताया कि उसने छह माह पहले सीतापुर में बस स्टैंड के पास जयहिंद टेलर से 15 सौ रुपये में वर्दी खरीदी थी और दरोगा वाले स्टार भी उसने 240 रुपये में अलग से लिए थे।
नेम प्लेट भी वहीं पास में बनवा ली। इंटर पास संतोष ने बताया कि उसे पुलिस में जाने का शौक था, दो बार उसने आवेदन किया लेकिन उसके पास कॉल लेटर नहीं आया, इसलिए उम्मीद टूट गई। इसलिए उसने पुलिस की वर्दी ही खरीद ली।
नेम प्लेट भी वहीं पास में बनवा ली। इंटर पास संतोष ने बताया कि उसे पुलिस में जाने का शौक था, दो बार उसने आवेदन किया लेकिन उसके पास कॉल लेटर नहीं आया, इसलिए उम्मीद टूट गई। इसलिए उसने पुलिस की वर्दी ही खरीद ली।