Yoga Tips: शारीरिक शक्ति बढ़ाने में काफी फायदेमंद हैं ये योगाभ्यास, दिनचर्या में जरूर करिए इन्हें शामिल
शरीर में यदि स्टेमिना की कमी होती है तो आप कोई भी काम अच्छे से नहीं कर पाते हैं और दिनभर आपका शरीर भी बड़ा लुस्त सा रहता है। स्टेमिना बढ़ाने के लिए आपको अपने खान-पान और दिनचर्या में कुछ बदलाव करना होंगे. योग शुरु करें।
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शरीर को बेहतर तरीके से काम करते रहने के लिए दैनिक रूप से पर्याप्त मात्रा में ऊर्जा की आवश्यकता होती है। ऊर्जा कार्य करने की शक्ति देते हैं। इसमें होने वाली कमी आपको थकावट और कमजोरी का एहसास करा सकती है। शरीर की स्टेमिना में आई कमी के कारण दैनिक जीवन के सामान्य कामकाज तक करना भी आपके लिए कठिन हो सकता है। क्या आप भी इस तरह की समस्याओं के शिकार हैं? ऐसे में नियमित रूप से योगासनों की आदत बनाकर शरीर को स्वस्थ और फिट बनाए रखा जा सकता है।
योगासन न सिर्फ शरीर और मन को स्वस्थ बनाए रखने के लिए आवश्यक माने जाते हैं साथ ही इनके अभ्यास की आदत बनाकर आप शारीरिक क्षमता और सहनशक्ति को भी बढ़ा सकते हैं। योगाभ्यास संपूर्ण शारीरिक और मानसिक चेतना को बेहतर बनाने के साथ जीवन की गुणवत्ता में भी सुधार करने में आपके लिए कारगर माने जाते हैं। आइए जानते हैं कि किन योगासनों की आदत बनाकर आप शरीर की क्षमता को बेहतर बना सकते हैं? सभी लोगों को यह अभ्यास जरूर करने चाहिए।
उष्ट्रासन
उष्ट्रासन करने से शरीर का स्टेमिना बढ़ता है। इसे ही कैमल पोज भी कहा जाता है। इसे करने के लिए आपको घुटने पर बैठना होता है और पीछे की तरफ झुकते हुए, शरीर को स्ट्रेच करते हुए अपने हाथों से अपनी एड़ियों को छुएं। 15 से 20 सेकंड तक इसी मुद्रा में बने रहें।
सेतुबंधासन
सेतुबंधासन करना शरीर के लिए बहुत फायदेमंद होता है। इसे करने से शरीर को पर्याप्त मात्रा में ऊर्जा मिलती है। इस आसन के नियमित अभ्यास से खराब पाचन स्थिति में भी सुधार आता है। इसे करना बहुत अधिक कठिन भी नहीं है और इसे कोई भी व्यक्ति कर सकता है।
नौकासन
स्टेमिना बढ़ाने के लिए किए जाने वाले आसनों की श्रेणी में नौकासन भी आता है। इस आसन को करके इंसान अपना स्टेमिना तो बढ़ा सकता ही है, साथ ही अपना वजन भी कम कर सकता है। इसका अभ्यास अपनी क्षमता के अनुसार करें क्योंकि इसे करते वक्त पेट पर खिंचाव आता है।
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नोट: यह लेख योगगुरु के सुझावों के आधार पर तैयार किया गया है। आसन की सही स्थिति के बारे में जानने के लिए किसी विशेषज्ञ से संपर्क कर सकते हैं।
अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।