फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Jobs ›   Government Jobs ›   MPSC aspirants protest, seek implementation of descriptive pattern of exam from 2025

MPSC: एमपीएससी की परीक्षा के विरोध में उतरे उम्मीदवार, डिस्क्रिप्टिव पैटर्न को 2025 से लागू करने की मांग

Fri, 13 Jan 2023 10:54 PM IST
देवेश शर्मा जॉब डेस्क, अमर उजाला
जॉब डेस्क, अमर उजाला Published by: देवेश शर्मा Updated Fri, 13 Jan 2023 10:54 PM IST
सार

MPSC Exam Pattern Changed: महाराष्ट्र लोक सेवा आयोग की ओर से मुख्य परीक्षा के लिए वस्तुनिष्ठ प्रकार से वर्णनात्मक पैटर्न में जाने सहित कुछ बदलावों की घोषणा की गई, जिसके बाद से ही बड़ी संख्या में छात्रों और उम्मीदवारों की ओर से नाराजगी जाहिर की जा रही थी। 

विज्ञापन
MPSC aspirants protest, seek implementation of descriptive pattern of exam from 2025
MPSC Exam Pattern Changed Protest - फोटो : Amar Ujala

विस्तार

MPSC Exam Pattern Changed Protest: महाराष्ट्र लोक सेवा आयोग (MPSC) की परीक्षाओं की तैयारी कर रहे कई उम्मीदवारों ने शुक्रवार को पुणे में विरोध प्रदर्शन किया। उम्मीदवारों ने डिस्क्रिप्टिव एग्जाम पैटर्न को इस वर्ष के बजाय 2025 से लागू करने की मांग की। पिछले साल जून में, महाराष्ट्र लोक सेवा आयोग की ओर से मुख्य परीक्षा के लिए वस्तुनिष्ठ प्रकार से वर्णनात्मक पैटर्न में जाने सहित कुछ बदलावों की घोषणा की गई, जिसके बाद से ही बड़ी संख्या में छात्रों और उम्मीदवारों की ओर से नाराजगी जाहिर की जा रही थी। 

विज्ञापन

एक प्रदर्शनकारी उम्मीदवार ने कहा कि हमारी मांग है कि वर्णनात्मक पैटर्न को 2023 के बजाय 2025 से लागू किया जाना चाहिए, क्योंकि छात्रों को नए पाठ्यक्रम की तैयारी के लिए कुछ समय की आवश्यकता होगी। वहीं, एक अन्य छात्र ने कहा कि हम नए पैटर्न पर आपत्ति नहीं कर रहे हैं, बल्कि केवल यह चाहते हैं कि इसे 2025 से लागू किया जाए। हमारे पास नए पैटर्न और नए पाठ्यक्रम के अनुसार परीक्षा की तैयारी के लिए पर्याप्त समय नहीं है। 

 

विज्ञापन
विज्ञापन

आयोग की सफाई- दबाव बनाने के लिए अभियान

जुलाई 2022 में, महाराष्ट्र लोक सेवा आयोग ने एक बयान जारी कर दावा किया कि कुछ स्वयंभू छात्र संगठन और निजी कोचिंग संचालक वर्ग 2023 के बजाय 2025 से नया पाठ्यक्रम लागू करने के लिए आयोग पर दबाव बनाने के लिए एक अभियान चला रहे थे। एमपीएससी के बयानों में जोर दिया गया था कि इस तरह के दबाव का कोई संज्ञान नहीं लिया जाएगा और 2023 में प्री और मेन परीक्षा नए पैटर्न और सिलेबस के अनुसार आयोजित की जाएगी। 

 

विज्ञापन

फडणवीस बोले- छात्रों के हित में उचित निर्णय लेंगे

छात्रों के आंदोलन के बारे में पूछे जाने पर, महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि नए पैटर्न की सिफारिश पिछली सरकार द्वारा बनाई गई दलवी समिति ने की थी। कहीं न कहीं हमें संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) की तर्ज पर पाठ्यक्रम को लागू करना होगा। आज, ये छात्र इसे 2025 से लागू करने के लिए कह रहे हैं, लेकिन 2025 में छात्र इसे 2027 तक टालने की मांग करेंगे। हम ऐसा नहीं कर सकते। हमें गुणवत्ता सुनिश्चित करनी है। उन्होंने कहा कि विस्तृत विचार-विमर्श के बाद छात्रों के हित में उचित निर्णय लिया जाएगा। कोल्हापुर, नागपुर और औरंगाबाद में भी इसी तरह के विरोध प्रदर्शन हुए।
 

विज्ञापन
विज्ञापन

 रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed