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Milind Deora: मिलिंद ने कांग्रेस से 55 साल पुराना रिश्ता क्यों तोड़ा? शिवसेना में शामिल होने के बाद बताई वजह

Sun, 14 Jan 2024 06:50 PM IST
अभिषेक दीक्षित न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई Published by: अभिषेक दीक्षित Updated Sun, 14 Jan 2024 06:50 PM IST
सार

शिवसेना में शामिल होने के बाद मिलिंद देवड़ा ने कहा कि ये मेरे लिए बेहद भावुक दिन है। मैंने कभी नहीं सोचा था कि मैं कांग्रेस छोड़ दूंगा। आज मैं शिव सेना में शामिल हो गया। मुझे सुबह से बहुत सारे फोन आ रहे हैं कि मैंने कांग्रेस पार्टी से अपने परिवार का 55 साल पुराना रिश्ता क्यों तोड़ा?

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Why Milind Deora break 55 year old relationship with Congress Reason given after joining Shiv Sena
मिलिंद देवड़ा। - फोटो : Amar Ujala

विस्तार

पूर्व केंद्रीय मंत्री मिलिंद देवड़ा ने रविवार सुबह कांग्रेस का हाथ छोड़ दिया। इसके बाद वे महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे की मौजूदगी में शिवसेना में शामिल हो गए। दक्षिण मुंबई लोकसभा सीट से पूर्व सांसद मिलिंद दोपहर में मुख्यमंत्री के आधिकारिक आवास वर्षा में एक कार्यक्रम के दौरान सत्तारूढ़ दल में शामिल हुए। इससे पहले उन्होंने‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कांग्रेस से अपने इस्तीफे की घोषणा की थी।

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इस्तीफा देते हुए मिलिंद ने क्या कहा?
मिलिंद देवड़ा ने लिखा कि 'आज वह अपनी राजनीतिक यात्रा के अहम अध्याय का अंत कर रहे हैं। मैंने कांग्रेस की प्राथमिक सदस्यता से इस्तीफा दे दिया है, साथ ही कांग्रेस पार्टी से अपने परिवार के 55 साल पुराने रिश्ते का भी अंत कर रहा हूं। मैं सभी नेताओं, सहयोगियों और पार्टी कार्यकर्ताओं का उनके इतने सालों के समर्थन के लिए शुक्रगुजार हूं।'
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शिवसेना में शामिल होने के बाद क्या बोले?
शिवसेना में शामिल होने के बाद मिलिंद देवड़ा ने कहा कि ये मेरे लिए बेहद भावुक दिन है। मैंने कभी नहीं सोचा था कि मैं कांग्रेस छोड़ दूंगा। आज मैं शिव सेना में शामिल हो गया। मुझे सुबह से बहुत सारे फोन आ रहे हैं कि मैंने कांग्रेस पार्टी से अपने परिवार का 55 साल पुराना रिश्ता क्यों तोड़ा? मैं सबसे चुनौतीपूर्ण दशक के दौरान पार्टी के प्रति वफादार रहा। यदि कांग्रेस और यूबीटी ने रचनात्मक, सकारात्मक सुझावों और योग्यता, क्षमता को महत्व दिया होता, तो आज एकनाथ शिंदे और मैं यहां नहीं होते। एकनाथ शिंदे को एक बड़ा फैसला लेना पड़ा, मुझे एक बड़ा निर्णय लेना पड़ा।
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मिलिंद देवड़ा ने कहा कि वही पार्टी जो इस देश को रचनात्मक सुझाव देती थी कि देश को आगे कैसे ले जाया जाए, आज उस पार्टी का एक ही उद्देश्य है कि प्रधानमंत्री मोदी जो कहते हैं, जो करते हैं, उसके खिलाफ बोलना। कल को अगर प्रधानमंत्री मोदी कहेंगे कि कांग्रेस बहुत अच्छी पार्टी है तो वे इसका भी विरोध करेंगे। मैं पॉलिटिक्स ऑफ गेन (GAIN- ग्रोथ, एस्पीरेशन, इंक्लूजिविटी, नेशनलिज्म) में विश्वास करता हूं। मैं PAIN- (पर्सनल अटैक, इनजस्टिस,नेगेटिविटी ) की राजनीति में विश्वास नहीं करता।

उन्होंने कहा कि मैं नकारात्मक राजनीति में विश्वास नहीं करता। मैं लोगों के लिए काम करने में विश्वास रखता हूं, लोगों को गाली देने, नकारात्मक राजनीति करने में मैं विश्वास नहीं करता। जिनके पास देश को आगे बढ़ाने के लिए कोई एजेंडा, कोई कार्यक्रम नहीं है, वे नकारात्मक बातें करते रहें।"


एकनाथ शिंदे ने क्या कहा?
महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री और शिवसेना प्रमुख एकनाथ शिंदे ने कहा कि आज आपके मिलिंद देवड़ा मन में जो भावनाएं हैं, वही भावनाएं डेढ़ साल पहले मेरे मन में थीं। जब कोई निर्णय लेना होता है तो ऐसी परिस्थितियां उत्पन्न होती हैं। मैं डॉक्टर नहीं हूं। डॉक्टर न होते हुए भी डेढ़ साल पहले ऑपरेशन किया, टांके भी नहीं लगाने पड़े और ऑपरेशन हो गया। मैं इससे ज्यादा कुछ नहीं कहूंगा। यह सिर्फ ट्रेलर है, फिल्म अभी बाकी है।

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