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WHO Report: 2020 में शरण देने वाले शीर्ष तीन देशों में भारत शामिल, हर आठ लोगों में से एक व्यक्ति प्रवासी
Wed, 20 Jul 2022 10:21 PM IST
शिव शरण शुक्ला
वर्ल्ड न्यूज डेस्क, अमर उजाला, यूएन
वर्ल्ड न्यूज डेस्क, अमर उजाला, यूएन
Published by: शिव शरण शुक्ला
Updated Wed, 20 Jul 2022 10:21 PM IST
सार
इस रिपोर्ट में कहा गया है कि भारत, बांग्लादेश और थाईलैंड 2020 में दक्षिण-पूर्व एशिया क्षेत्र में अंतरराष्ट्रीय प्रवासियों, शरणार्थियों और शरण चाहने वाले लोगों के शीर्ष तीन मेजबान देश थे। डब्ल्यूएचओ चीफ टेडरोस अदनहोम गेब्रेहेसुस ने कहा कि यह पहली रिपोर्ट है जिसमें वैश्विक स्तर पर शरणार्थियों और प्रवासियों के स्वास्थ्य की समीक्षा की गई है।
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डब्ल्यूएचओ प्रमुख डॉ. टेड्रोस अधनोम घेब्रेसियस
- फोटो : ANI
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विस्तार
विश्व स्वास्थ्य संगठन ने बुधवार को एक वैश्विक रिपोर्ट जारी की है। इस रिपोर्ट में कहा गया है कि 2020 में दक्षिण-पूर्व एशिया क्षेत्र में अंतरराष्ट्रीय प्रवासियों, शरणार्थियों को शरण देने वाले शीर्ष तीन देशों में भारत शामिल है। शरणार्थियों और प्रवासियों के स्वास्थ्य पर विश्व स्वास्थ्य संगठन द्वारा जारी पहली रिपोर्ट में कहा गया है कि आज दुनिया में हर आठ लोगों में से एक व्यक्ति प्रवासी है। रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि दुनिया भर में प्रवासियों की आबादी करीब एक अरब है।
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इस रिपोर्ट में कहा गया है कि भारत, बांग्लादेश और थाईलैंड 2020 में दक्षिण-पूर्व एशिया क्षेत्र में अंतरराष्ट्रीय प्रवासियों, शरणार्थियों और शरण चाहने वाले लोगों के शीर्ष तीन मेजबान देश थे।
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डब्ल्यूएचओ चीफ टेडरोस अदनहोम गेब्रेहेसुस ने कहा कि यह पहली रिपोर्ट है जिसमें वैश्विक स्तर पर शरणार्थियों और प्रवासियों के स्वास्थ्य की समीक्षा की गई है। उन्होंने यह भी कहा कि प्रवासियों को स्वास्थ्य सेवाएं सुनिश्चित हो सकें, इसे लेकर भी इस रिपोर्ट में सामूहिक कार्रवाई का आह्वान किया गया है। डब्ल्यूएचओ चीफ का यह भी कहना है कि यह खराब स्वास्थ्य के मूलभूत कारणों से निपटने और स्वास्थ्य प्रणालियों को ठीक करने के लिए दुनिया भर के देशों द्वारा तेजी से कार्रवाई किये जाने की जरूरत भी बताती है।
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डब्ल्यूएचओ की इस रिपोर्ट के मुताबिक भारत, बांग्लदेश और थाईलैंड दक्षिण पूर्व एशिया क्षेत्र के तीन शीर्ष देश हैं, जिन्होंने 2020 के दौरान सबसे अधिक प्रवासियों और शरणार्थियों को शरण दी। इसके मुकाबिक, भारत में 48,78,704 अंतरराष्ट्रीय प्रवासी हैं, जो यहां की कुल आबादी का 0.4 प्रतिशत है। इन प्रवासियों में 4.2 प्रतिशत (यानी 2,07,334) शरणार्थी हैं।
इसमें यह भी कहा गया है कि वर्तमान में दुनिया के विभिन्न हिस्सों से उत्तरी अमेरिका की ओर पलायन हो रहा है। इनमें से अधिकतर अमेरिका के अन्य हिस्सों और एशिया में खासतौर पर चीन, भारत और फिलीपीन से जाने वाले लोग हैं। रिपोर्ट के मुताबिक 2020 में सबसे अधिक प्रवासन अमेरिका में हुआ और कुल प्रवासियों में से 18 प्रतिशत (कुल 5.1 करोड़) वहां गये।
इसमें कहा गया है कि 2020 में कुल वैश्विक प्रवासियों (51 मिलियन) के 18 प्रतिशत लोग अमेरिका गए हैं। जिसके बाद अमेरिका उन देशों में शामिल हो गया है जहां दुनिया भर से सबसे ज्यादा प्रवासी जाते हैं। डब्ल्यूएचओ की यह रिपोर्ट तब आई है, जब मानसून सत्र के दौरान केंद्र सरकार ने भारत की नागरिकता छोड़ने वालों की संख्या बताई है। सरकार ने यह भी बताया था कि भारत की नागरिकता छोड़ने वाले लोगों में सबसे ज्यादा अमेरिका में जाकर बस रहे हैं।