{"_id":"57b590824f1c1b1f176eb24f","slug":"who-are-responsible-for-india-s-worst-performance-in-olympcis","type":"story","status":"publish","title_hn":"ओलंपिक में भारत के शर्मनाक खेल के लिए जिम्मेदार कौन?","category":{"title":"India News","title_hn":"भारत","slug":"india-news"}}
ओलंपिक में भारत के शर्मनाक खेल के लिए जिम्मेदार कौन?
टीम डिजिटल/अमर उजाला, नई दिल्ली
Updated Thu, 18 Aug 2016 04:39 PM IST
विज्ञापन
Rio 2016
- फोटो : Getty
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
भारत अब तक के अपने सबसे बड़े दल के साथ 31वें ओलंपिक गेम्स में हिस्सा लेने रियो उतरा था और अब खेलों का यह महाकुंभ अपने मुकाम की ओर जा रहा है लेकिन अभी तक हमारे खाते में सिर्फ एक ही पदक आया है।
दुनिया की दूसरी सबसे बड़ी आबादी और क्षेत्रफल में सातवां सबसे बड़ा देश भारत जहां पदकों के लिए लगातार संघर्ष कर रहा है तो इससे छोटे कई देश एक के बाद एक करके पदक जीत रहे हैं। पदक जीतने वाले देशों में कई देश (अर्मेनिया, स्लोवानिया, लिथुआनिया, मोल्डोवा, एस्तोनिया और ग्रेनाडा) तो ऐसे हैं जिनका नाम कई भारतीयों ने सुना भी नहीं होगा।
अमेरिका के महान तैराक माइकल फ्लेप्स ने अकेले 28 पदक जीते हैं जिसमें 23 गोल्ड शामिल हैं जो भारत के अब तक के सभी ओलंपिक्स में मिलाकर जीते पदकों की संख्या से भी ज्यादा है। छोटे-छोटे से देश ओलंपिक में अपनी मौजूदगी दर्ज करा लेते हैं लेकिन भारत को इसके लिए संघर्ष करना पड़ता है। तो क्या कारण है कि ओलंपिक खेलों में भारत की मौजूदगी ना के बराबर है?
विज्ञापन
विज्ञापन
दुनिया की दूसरी सबसे बड़ी आबादी और क्षेत्रफल में सातवां सबसे बड़ा देश भारत जहां पदकों के लिए लगातार संघर्ष कर रहा है तो इससे छोटे कई देश एक के बाद एक करके पदक जीत रहे हैं। पदक जीतने वाले देशों में कई देश (अर्मेनिया, स्लोवानिया, लिथुआनिया, मोल्डोवा, एस्तोनिया और ग्रेनाडा) तो ऐसे हैं जिनका नाम कई भारतीयों ने सुना भी नहीं होगा।
विज्ञापन
अमेरिका के महान तैराक माइकल फ्लेप्स ने अकेले 28 पदक जीते हैं जिसमें 23 गोल्ड शामिल हैं जो भारत के अब तक के सभी ओलंपिक्स में मिलाकर जीते पदकों की संख्या से भी ज्यादा है। छोटे-छोटे से देश ओलंपिक में अपनी मौजूदगी दर्ज करा लेते हैं लेकिन भारत को इसके लिए संघर्ष करना पड़ता है। तो क्या कारण है कि ओलंपिक खेलों में भारत की मौजूदगी ना के बराबर है?
विज्ञापन