UPI: अब नेपाल में भी यूपीआई सेवा शरू, क्यूआर कोड से कर सकते हैं भुगतान, दोनों देशों को ऐसे होगा फायदा
भारत ने नेपाल को आश्वासन दिया है कि नेपाली कांग्रेस और सीपीएन (माओवादी केंद्र) के बीच गठबंधन टूटने तथा नई सरकार के गठन के बाद नेपाल के प्रति उसकी नीति नहीं बदलेगी। ‘द काठमांडो पोस्ट’ अखबार की खबर के अनुसार, यह आश्वासन नेपाल में भारत के राजदूत नवीन श्रीवास्तव ने दिया।
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भारतीय राष्ट्रीय भुगतान निगम (एनपीसीआई) ने शुक्रवार को घोषणा की कि यूनिफाइड पेमेंट इंटरफेस (यूपीआई) अब पड़ोसी देश नेपाल में भी उपलब्ध है। संस्था की ओर से जारी आधिकारिक बयान में कहा गया कि यूपीआई उपयोगकर्ता नेपाली व्यापारियों को भुगतान करने के लिए क्यूआर कोड स्कैन कर सकते हैं। एनआईपीएल के मुख्य कार्यकारी अधिकारी रितेश शुक्ला ने कहा, यह पहल डिजिटल भुगतान क्षेत्र में हमारे नवाचार की प्रतिबद्धता को दर्शाती है। इस सुविधा से दोनों देशों के बीच सीमा पार लेनदेन के साथ वाणिज्य और पर्यटन में सुधार होगा।
नेपाल के प्रति हमारी नीति में नहीं आया कोई बदलाव : भारत
भारत ने नेपाल को आश्वासन दिया है कि नेपाली कांग्रेस और सीपीएन (माओवादी केंद्र) के बीच गठबंधन टूटने तथा नई सरकार के गठन के बाद नेपाल के प्रति उसकी नीति नहीं बदलेगी। ‘द काठमांडो पोस्ट’ अखबार की खबर के अनुसार, यह आश्वासन नेपाल में भारत के राजदूत नवीन श्रीवास्तव ने दिया। वह उप प्रधानमंत्री और विदेश मंत्री नारायण काजी श्रेष्ठ तथा वित्त मंत्री वर्षा मान पुन से भी मिले। खबर के मुताबिक, श्रीवास्तव ने दोनों मंत्रियों को बताया कि नेपाल के प्रति भारत की नीति एक समान बनी हुई है और वह नेपाल में राजनीतिक बदलावों को उसका ‘आंतरिक मामला’ मानता है।
भारत के नेपाली कांग्रेस और सीपीएन (माओवादी केंद्र) का गठबंधन टूटने तथा सीपीएन-यूएमएल और माओवादी केंद्र के बीच नए गठबंधन से खुश नहीं होने की अटकलों के बीच राजदूत ने यह आश्वासन दिया। नेपाली विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता अमृत बहादुर राय ने कहा, मंत्रालय में श्रेष्ठ के साथ बैठक के दौरान श्रीवास्तव ने द्विपक्षीय-पारस्परिक हित पर चर्चा की। ‘हिमालयन टाइम्स’ अखबार ने राय के हवाले से कहा कि बैठक के दौरान श्रेष्ठ और भारतीय राजदूत ने दोनों देशों के बीच संबंधों को और मजबूत करने तथा भारत की सहायता से नेपाल में विकास परियोजनाओं को समय पर पूरा करने सहित अन्य विषयों पर चर्चा की।