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भरोसा: कोरोना से अनाथ हुए बच्चों पर केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी बोलीं- संरक्षण एवं सहयोग के लिए सरकार प्रतिबद्ध
Wed, 26 May 2021 03:35 PM IST
प्रशांत कुमार
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: प्रशांत कुमार
Updated Wed, 26 May 2021 03:35 PM IST
सार
कोरोना संकट के दौरान देशभर में कई बच्चे अनाथ हो गए हैं, किसी ने अपने पिता को खोया तो किसी ने अपनी मां को। इसके बाद बच्चे अकेले हो गए हैं। भविष्य को लेकर इन्हें चिंता सताने लगी है। ऐसे बच्चों को केंद्र सरकार ने सहयोग और संरक्षण का भरोसा दिया है।
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केंद्रीय महिला एवं बाल विकास मंत्री स्मृति ईरानी
- फोटो : PTI
विस्तार
केंद्रीय महिला एवं बाल विकास मंत्री स्मृति ईरानी ने राज्यों से मिली रिपोर्ट का हवाला देते हुए कहा कि बच्चे कोरोना वायरस संक्रमण की दूसरी लहर में अपने माता-पिता के निधन के कारण अनाथ हो गए, लेकिन अनाथ बच्चे बिलकुल घबराए नहीं। सरकार ऐसे बच्चे के संरक्षण एवं सहयोग के लिए प्रतिबद्ध है। ईरानी ने ट्वीट किया, ‘‘भारत सरकार हर उस बच्चे का सहयोग एवं संरक्षण करने के लिए प्रतिबद्ध है जिन्होंने कोविड-19 के कारण अपने माता-पिता को खो दिया है। राज्यों एवं केंद्रशासित प्रदेशों की ओर से जानकारी दी गई है कि एक अप्रैल से 577 बच्चों के माता-पिता की कोरोना के कारण मौत हुई है।
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बड़ी संख्या में बच्चे हुए अनाथ
गौरतलब है कि कोरोना के दौरान बड़ी संख्या में बच्चे अपने माता-पिता को खो दिए हैं। कुछ परिवार ऐसे हैं जहां जीविका चलाने वाले शख्स की कोरोना से मौत हो गई। ऐसे में उस परिवार के बच्चे अनाथ हो गए हैं। कई राज्य सरकारों ने ऐसे बच्चों को चिह्नत कर उन्हें मदद करने का एलान किया है। दिल्ली, मध्यप्रदेश समेत कई राज्य सरकारों ने ऐसे बच्चों को मदद करने का भरोसा दिया है।
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उन्होंने बताया कि अगर ऐसे बच्चों को काउंसलिंग की जरूरत पड़ती है तो राष्ट्रीय मानसिक जांच एवं तंत्रिका विज्ञान संस्थान (निमहंस) में टीम तैयार है। बच्चों का कल्याण सुनिश्चित करने के लिए धन की कोई कमी नहीं है। उधर, महिला एवं बाल विकास मंत्रालय के सचिव राम मोहन मिश्रा ने बताया कि भारत जल्द ही नौ देशों में स्थित अपने उच्चायोगों/दूतावासों में ‘वन स्टॉप सेंटर’ खोलेगा।
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वन स्टॉप सेंटर’ का मकसद महिला विरोधी हिंसा से निपटना
महिला एवं बाल विकास मंत्रालय के सचिव ने बताया, ‘‘बहरीन, कुवैत, ओमान, कतर, यूएई, ऑस्ट्रेलिया, कनाडा और सिंगापुर में एक-एक ‘वन स्टॉप सेंटर’ खोले जाएंगे। सऊदी अरब में ऐसे दो ‘वन स्टॉप सेंटर’ खोले जाएंगे।’अधिकारी ने बताया, पूरे भारत में 300 ‘वन स्टॉप सेंटर’ खोले जाएंगे। उन्होंने बताया कि विदेश में खोले जा रहे वन स्टॉप सेंटर को महिला एवं बाल विकास मंत्रालय और विदेश मंत्रालय की ओर से सहयोग दिया जाएगा।