{"_id":"6024fe728ebc3ee93d714440","slug":"trs-wins-hyderabad-mayor-and-deputy-mayor-posts-with-aimim-s-support-bjp-ghmc","type":"story","status":"publish","title_hn":"ग्रेटर हैदराबाद नगर निगम: भाजपा को हराने के लिए ओवैसी ने आखिरी पलों में दिया टीआरएस को समर्थन","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
ग्रेटर हैदराबाद नगर निगम: भाजपा को हराने के लिए ओवैसी ने आखिरी पलों में दिया टीआरएस को समर्थन
Thu, 11 Feb 2021 03:37 PM IST
दीप्ति मिश्रा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हैदराबाद
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हैदराबाद
Published by: दीप्ति मिश्रा
Updated Thu, 11 Feb 2021 03:37 PM IST
विज्ञापन
गड़वाल विजयालक्ष्मी
- फोटो : Social Media
ग्रेटर हैदराबाद नगर निगम में भारतीय जनता पार्टी को हराने के लिए ऑल इंडिया मजलिस‑ए‑इत्तेहादुल मुस्लिमीन (AIMIM) के प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने तेलंगाना राष्ट्र समिति (टीआरएस) को समर्थन दे दिया। इसके बाद, ग्रेटर हैदराबाद नगर निगम के महापौर और उप महापौर पद पर टीआरएस की महिला टीम का कब्जा हो गया।ग्रेटर हैदराबाद नगर निगम के लिए गुरुवार को टीआरएस की गड़वाल विजयालक्ष्मी को महापौर चुना गया। तेलंगाना राष्ट्र समिति से आने वाली गड़वाल विजयालक्ष्मी वार्ड नंबर 93 से चुनकर सदन में पहुंची हैं। महापौर का चुनाव ध्वनिमत से हुआ, गड़वाल विजयालक्ष्मी ग्रेटर हैदराबाद नगर निगम की 17वीं महापौर बनेंगी।
विज्ञापन
ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (एआईएमआईएम) की ओर से रणनीतिक तौर पर समर्थन मिलने के बाद तेलंगाना राष्ट्र समिति (टीआरएस) की गड]वाल विजयालक्ष्मी को गुरुवार को ग्रेटर हैदराबाद नगर निगम का महापौर चुना गया है। जीएचएमसी के बंजारा हिल्स डिविजन का प्रतिनिधित्व करने वाली विजयालक्ष्मी टीआरएस नेता केशव राव की बेटी हैं। उन्होंने भाजपा की उम्मीदवार और आरकेपुरम डिविजन से कॉरपोरेटर राधा धीरज रेड्डी को मात दी है।
विज्ञापन
विजयालक्ष्मी साल 2014 में तेलंगाना के गठन के बाद ग्रेटर हैदराबाद नगर निगम (जीएचएमसी) की पहली महिला मेयर हैं और 2009 में जीएचएमसी के गठन के बाद कुर्सी पर कब्जा जमाने वाली दूसरी महिला हैं। पहली कांग्रेस की बांदा कार्तिका रेड्डी हैं। वहीं, तरनाका डिविजन के एक और टीआरएस कॉरपोरेटर मोहित श्रीलता रेड्डी को जीएचएमसी का उप महापौर चुना गया। उन्होंने भाजपा के शंकर यादव को हराया।
विज्ञापन
टीआरएस अध्यक्ष और मुख्यमंत्री के चंद्रशेखर राव ने विजयलक्ष्मी और श्रीलता नामों को सीलबंद लिफाफे में पार्टी को भेज दिया। टीआरएस के कार्यकारी अध्यक्ष केटी रामाराव ने जीएचएमसी परिसर में नवनिर्वाचित नामों की घोषणा की। पहले मेयर पद के लिए सबसे आगे चलने वालीं खैरताबाद से टीआरएस की कॉरपोरेटर पी विजयालक्ष्मी विरोध में बैठक से बाहर चली गईं। उन्होंने वोटिंग में हिस्सा नहीं लिया।
जीएचएमसी के चुनाव एक दिसंबर को हुए थे, जिसमें भाजपा और टीआरएस के बीच काफी करीबी मुकाबला देखा गया था। टीआरएस ने 150 सदस्यों वाले जीएचएमसी काउंसिल में से सिर्फ 56 सीटें जीती थीं। पार्टी बहुमत के आंकड़े से 20 सीटें पीछे रह गई थी। वहीं, भाजपा दूसरे नंबर पर रही थी और उसे 48 सीटें मिलीं। उसके एक कॉरपोरेटर की पिछले महीने कोरोना वायरस के चलते मौत हो गई। एआईएमआईएम को 44 सीटें मिलीं। पिछले चुनाव में भी उसे इतनी ही सीटें मिली थीं। कांग्रेस सिर्फ दो सीटें ही जीत सकी थी।