फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Triple Talaq via video call: Mumbai Police investigate dowry harassment case against husband and in-laws

Mumbai: ब्रिटेन में रह रहे पति ने वीडियो कॉल पर दिया तीन तलाक, दहेज के लिए भी किया प्रताड़ित; सास-ससुर पर केस

Sat, 04 Jan 2025 12:42 PM IST
काव्या मिश्रा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई Published by: काव्या मिश्रा Updated Sat, 04 Jan 2025 12:42 PM IST
सार

सीवूड्स की रहने वाली पीड़िता ने एनआरआई सागर पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई। उन्होंने आरोप लगाया कि पति ने उन्हें वीडियो कॉल करके तीन तलाक दिया। 
 

विज्ञापन
Triple Talaq via video call: Mumbai Police investigate dowry harassment case against husband and in-laws
जांच में जुटी पुलिस - फोटो : अमर उजाला डिजिटल

विस्तार

तीन तलाक पर सुप्रीम कोर्ट के रोक लगाने के बाद भी कुछ लोग अपनी हरकतों से बाज नहीं आ रहे हैं। मुंबई में एक महिला ने अपने पति और ससुरालवालों के खिलाफ दहेज के लिए उत्पीड़न और वीडियो कॉल पर तीन तलाक देने का आरोप लगाया है। पुलिस ने इस मामले में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) और मुस्लिम महिला (विवाह अधिकार संरक्षण) विधेयक के तहत केस दर्ज किया है।

विज्ञापन


सीवूड्स की रहने वाली पीड़िता ने एनआरआई सागर पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई। उन्होंने आरोप लगाया कि ब्रिटेन में काम कर रहे पति और सास-ससुर ने उन्हें दहेज के लिए प्रताड़ित किया और वीडियो कॉल पर तीन तलाक दे दिया। 
विज्ञापन


2022 में हुई थी शादी
महिला का कहना है कि उनकी शादी 2022 में आकिब भाटीवाला से मुस्लिम रीति-रिवाजों से हुई थी। शुरुआत में सबकुछ सही था। मगर, जब वह ससुरालवालों के साथ वडाला में रहने गई, तो उत्पीड़न करना शुरू कर दिया। इतना ही नहीं बात तब ज्यादा बढ़ गई, जब वह अपने पति और ससुरालवालों के साथ ब्रिटेन गई, जहां कथित तौर पर दुर्व्यवहार जारी रहा।
विज्ञापन
विज्ञापन


पति ने छीने गहने फिर...
महिला का आरोप है कि एक घरेलू विवाद के बाद, उसके पति ने उसके गहने छीन लिए और उसे भारत वापस भेज दिया। उसके बाद आकिब ने बातचीत बंद कर दी। इसके बाद, वीडियो कॉल पर तीन तलाक दे दिया। महिला का कहना है कि जब वह फिर से ब्रिटेन लौटी, तो उसे घर में नहीं घुसने दिया। पीड़िता की शिकायत के आधार पर अधिकारियों ने मामले की जांच शुरू कर दी है।


तीन तलाक देना अपराध
पुलिस ने इस मामले की जांच शुरू कर दी है। ध्यान रहे कि अगस्त 2017 में, भारतीय सुप्रीम कोर्ट ने तीन तलाक को संविधान के खिलाफ और मनमाना बताया था। 2019 में, संसद ने मुस्लिम महिला (विवाह अधिकार संरक्षण) अधिनियम पारित किया, जिसके तहत तीन तलाक देना एक अपराध माना गया और इसके लिए तीन साल की सजा हो सकती है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed