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BJP ने जारी की व्हिप, सांसदों को दो दिन राज्यसभा में मौजूद रहने के दिए आदेश

Tue, 02 Jan 2018 09:06 AM IST
टीम डिजिटल अमर उजाला
टीम डिजिटल अमर उजाला Updated Tue, 02 Jan 2018 09:06 AM IST
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 triple talaq issue: bjp orders its mps to present compulsory for coming two days in rajyasabha

भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) ने अपने सभी सांसदों को राज्यसभा में मौजूद रहने के ऑर्डर दिए हैं। पार्टी ने व्हिप जारी करते हुए ये निर्देश जारी किए हैं। दरअसल, राज्यसभा में आज तीन तलाक बिल पेश होना है और पार्टी इस मुद्दे की गंभीरता को देखते हुए अपने सभी सांसदों की पेशी संसद में चाहती है।

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तीन तलाक के खिलाफ पेश किया गया बिल लोकसभा में पारित हो चुका है। हालांकि, ये तय माना जा रहा है कि कांग्रेस व अन्य विपक्षी दल इसका विरोध राज्यसभा में जरूर करेंगे। दरअसल, उच्च सदन में बिल को पारित कराने में दिक्कत आ सकती है क्योंकि यहां बीजेपी के पास पूर्ण बहुमत नहीं है।
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पढ़ें: भाजपा में शामिल होने के बाद बोलीं इशरत- महिलाओं के लिए उठाऊंगी आवाज
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सरकार के सूत्रों का कहना है कि विपक्ष बिल के कई प्रावधानों पर ऐतराज जता रहा है। ऐसे में अगर वह सहमत नहीं होता है तो इसे सिलेक्ट कमेटी को भेजा जा सकता है। भारतीय मुस्लिम महिला आंदोलन संगठन ने तीन तलाक बिल में तलाक ए अहसन को भी शामिल करने की मांग की है। यह तलाक की एक प्रक्रिया है जिसमें मध्यस्थता अनिवार्य है और इसमें 90 दिन की मोहलत मिलती है। संगठन ने इसके लिए राज्यसभा सांसदों को पत्र भी लिखा है।

एकबार में तीन तलाक देने के खिलाफ संगठन ने भी सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की थी। इसने अपने पत्र में कहा कि तलाक ए अहसन को बिल में शामिल किया जाना चाहिए। यह सुविधा पति और पत्नी दोनों को मिलनी चाहिए, जिससे महिलाओं के साथ अन्याय नहीं हो।  

 triple talaq issue: bjp orders its mps to present compulsory for coming two days in rajyasabha

तीन तलाक मामले की याचिकाकर्ता इशरत जहां ने शनिवार को बेहद गुपचुप तरीके से भाजपा का दामन थाम लिया। प्रदेश भाजपा महासचिव सायंतन बसु ने बताया कि इशरत ने हावड़ा स्थित पार्टी दफ्तर में आकर भाजपा ज्वाइन की। उल्लेखनीय है कि दुबई में काम करने वाले इशरत के शौहर ने उन्हें फोन पर ही तलाक दे दिया था। उसके बाद उन्होंने इसके खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की थी।

भाजपा का दामन थामने के बाद इशरत ने पत्रकारों से बात नहीं की। उनके करीबियों का कहना है कि सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद इशरत समाज से कट गई थीं और आस-पास के लोग उनको हेय निगाहों से देख रहे थे। उनमें अपने भविष्य के प्रति असुरक्षा घर कर रही थी। इस वजह से उन्होंने भाजपा में शामिल होने का फैसला किया। भाजपा की महिला मोर्चा की अध्यक्ष लाकेट चटर्जी ने कहा है कि वह केंद्र सरकार से इशरत को नौकरी देने की अपील करेंगी। इशरत भारी वित्तीय तंगी के दौर से गुजर रही हैं।

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