{"_id":"6a2db9151d509e8beb0bfa4f","slug":"tmc-rift-heated-exchange-between-abhishek-and-kunal-ghosh-during-meeting-mamata-banerjee-remove-saayoni-ghosh-2026-06-14","type":"story","status":"publish","title_hn":"TMC Rift: बैठक में अभिषेक और कुणाल घोष में तीखी नोकझोंक, ममता बनर्जी को देना पड़ा दखल; सायोनी घोष पर गिरी गाज","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
TMC Rift: बैठक में अभिषेक और कुणाल घोष में तीखी नोकझोंक, ममता बनर्जी को देना पड़ा दखल; सायोनी घोष पर गिरी गाज
Sun, 14 Jun 2026 01:40 AM IST
Devesh Tripathi
अमर उजाला ब्यूरो, कोलकाता
अमर उजाला ब्यूरो, कोलकाता
Published by: Devesh Tripathi
Updated Sun, 14 Jun 2026 01:40 AM IST
सार
तृणमूल कांग्रेस प्रमुख ममता बनर्जी के कालीघाट स्थित आवास पर हुई महत्वपूर्ण बैठक में संगठनात्मक बदलावों और हालिया राजनीतिक घटनाक्रमों को लेकर चर्चा के दौरान पार्टी नेताओं के बीच मतभेद खुलकर सामने आए। सूत्रों के अनुसार, संगठन में बदलाव की गति और कुछ नेताओं की भूमिका को लेकर अभिषेक बनर्जी और कुणाल घोष के बीच तीखी बहस हुई, जिसके बाद ममता बनर्जी को हस्तक्षेप कर माहौल शांत कराना पड़ा।
विज्ञापन
बैठक में भि़ड़े कुणाल घोष और अभिषेक बनर्जी
- फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स
विस्तार
तृणमूल कांग्रेस की नेता ममता बनर्जी के कालीघाट स्थित आवास पर शनिवार शाम एक अहम बैठक के दौरान पार्टी के महासचिव अभिषेक बनर्जी और वरिष्ठ नेता कुणाल घोष के बीच तीखी नोकझोंक हो गई। सूत्रों के मुताबिक, विवाद इतना बढ़ गया कि ममता बनर्जी को खुद बीच-बचाव करना पड़ा।
सूत्रों के अनुसार, बैठक में अभिषेक बनर्जी, कुणाल घोष, शोभनदेव चट्टोपाध्याय, चंद्रिमा भट्टाचार्य और कल्याण बनर्जी समेत कई वरिष्ठ नेता मौजूद थे। चर्चा के दौरान हाल में पार्टी छोड़ चुके सुदीप बनर्जी का मुद्दा उठा। उत्तर कोलकाता तृणमूल के जिला अध्यक्ष बनाए गए कुणाल घोष ने संगठन में जल्द और व्यापक फेरबदल की मांग रखी। इस पर अभिषेक बनर्जी ने कहा कि सभी विषयों पर उचित समय पर फैसला होगा। सूत्रों के मुताबिक इसके बाद दोनों में गरमागरम बहस हुई। साथ ही अभिषेक बनर्जी के सहयोगी सुमित राय को लेकर भी दोनों में बहस हुई।
ममता बनर्जी को करना पड़ा हस्तक्षेप
स्थिति बिगड़ते देख कल्याण बनर्जी ने माहौल शांत कराने का प्रयास किया, लेकिन बात नहीं बनी। इसके बाद ममता बनर्जी स्वयं आगे आईं और अभिषेक, कुणाल घोष और कल्याण बनर्जी के सिर पर हाथ रखकर उन्हें शांत करने की कोशिश की। उन्होंने सभी नेताओं से मौजूदा राजनीतिक परिस्थितियों में संयम बनाए रखने और एकजुट होकर पार्टी के लिए काम करने की अपील की। इस कथित नोकझोंक पर हालांकि पार्टी की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
विज्ञापन
वहीं, टीएमसी ने पार्टी से बगावत करने वाले सांसदों सुदीप बंद्योपाध्याय और सायोनी घोष के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की है। दोनों को पार्टी संगठन के पदों से हटा दिया गया है। इनके स्थान पर पार्टी ने नए चेहरों को जिम्मेदारियां सौंपी है। शनिवार को सुदीप और सांसद शताब्दी राय के केंद्रीय मंत्री भूपेंद्र यादव के नई दिल्ली स्थित आवास पर पहुंचने की खबर सामने आने के बाद राजनीतिक हलचल बढ़ गई।
काबा-मदीना गाने वाली सायोनी घोष से छिना टीएमसी संगठन का पद
तृणमूल नेतृत्व ने संगठनात्मक स्तर पर बड़ा कदम उठाते हुए सुदीप बंद्योपाध्याय से उत्तर कोलकाता संगठनात्मक जिले के अध्यक्ष का दायित्व वापस ले लिया। उनकी जगह पार्टी के वरिष्ठ नेता और ममता बनर्जी के करीबी माने जाने वाले कुणाल घोष को उत्तर कोलकाता जिला टीएमसी अध्यक्ष नियुक्त किया गया है। सायोनी घोष को भी तृणमूल युवा कांग्रेस की प्रदेश अध्यक्ष पद से हटा दिया गया है। उनकी जगह अर्नब बनर्जी को राज्य तृणमूल युवा कांग्रेस का नया अध्यक्ष बनाया गया है। तृणमूल कांग्रेस की ओर से इन बदलावों को नियमित संगठनात्मक प्रक्रिया के तहत लिया गया फैसला बताया जा रहा है।
विज्ञापन
सूत्रों के अनुसार, बैठक में अभिषेक बनर्जी, कुणाल घोष, शोभनदेव चट्टोपाध्याय, चंद्रिमा भट्टाचार्य और कल्याण बनर्जी समेत कई वरिष्ठ नेता मौजूद थे। चर्चा के दौरान हाल में पार्टी छोड़ चुके सुदीप बनर्जी का मुद्दा उठा। उत्तर कोलकाता तृणमूल के जिला अध्यक्ष बनाए गए कुणाल घोष ने संगठन में जल्द और व्यापक फेरबदल की मांग रखी। इस पर अभिषेक बनर्जी ने कहा कि सभी विषयों पर उचित समय पर फैसला होगा। सूत्रों के मुताबिक इसके बाद दोनों में गरमागरम बहस हुई। साथ ही अभिषेक बनर्जी के सहयोगी सुमित राय को लेकर भी दोनों में बहस हुई।
विज्ञापन
ममता बनर्जी को करना पड़ा हस्तक्षेप
स्थिति बिगड़ते देख कल्याण बनर्जी ने माहौल शांत कराने का प्रयास किया, लेकिन बात नहीं बनी। इसके बाद ममता बनर्जी स्वयं आगे आईं और अभिषेक, कुणाल घोष और कल्याण बनर्जी के सिर पर हाथ रखकर उन्हें शांत करने की कोशिश की। उन्होंने सभी नेताओं से मौजूदा राजनीतिक परिस्थितियों में संयम बनाए रखने और एकजुट होकर पार्टी के लिए काम करने की अपील की। इस कथित नोकझोंक पर हालांकि पार्टी की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
विज्ञापन
वहीं, टीएमसी ने पार्टी से बगावत करने वाले सांसदों सुदीप बंद्योपाध्याय और सायोनी घोष के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की है। दोनों को पार्टी संगठन के पदों से हटा दिया गया है। इनके स्थान पर पार्टी ने नए चेहरों को जिम्मेदारियां सौंपी है। शनिवार को सुदीप और सांसद शताब्दी राय के केंद्रीय मंत्री भूपेंद्र यादव के नई दिल्ली स्थित आवास पर पहुंचने की खबर सामने आने के बाद राजनीतिक हलचल बढ़ गई।
काबा-मदीना गाने वाली सायोनी घोष से छिना टीएमसी संगठन का पद
तृणमूल नेतृत्व ने संगठनात्मक स्तर पर बड़ा कदम उठाते हुए सुदीप बंद्योपाध्याय से उत्तर कोलकाता संगठनात्मक जिले के अध्यक्ष का दायित्व वापस ले लिया। उनकी जगह पार्टी के वरिष्ठ नेता और ममता बनर्जी के करीबी माने जाने वाले कुणाल घोष को उत्तर कोलकाता जिला टीएमसी अध्यक्ष नियुक्त किया गया है। सायोनी घोष को भी तृणमूल युवा कांग्रेस की प्रदेश अध्यक्ष पद से हटा दिया गया है। उनकी जगह अर्नब बनर्जी को राज्य तृणमूल युवा कांग्रेस का नया अध्यक्ष बनाया गया है। तृणमूल कांग्रेस की ओर से इन बदलावों को नियमित संगठनात्मक प्रक्रिया के तहत लिया गया फैसला बताया जा रहा है।