फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Tight security arrangements are being made for the 18th G20 summit to be held in Delhi

G20: 19 देशों के प्रमुखों की होगी अचूक सुरक्षा, CRPF के 50 ट्रेनर तैयार कर रहे 1000 'रक्षकों' का दस्ता

Jitendra Bhardwaj जितेंद्र भारद्वाज
Updated Sat, 05 Aug 2023 09:26 PM IST
सार

सीआरपीएफ के वीआईपी ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट में जिन एक हजार जवानों को प्रशिक्षण दिया जा रहा है, वे सामान्य कर्मी नहीं हैं। इनमें वे सभी जवान शामिल हैं, जो पूर्व में वीआईपी सुरक्षा का हिस्सा रहे हैं। उन्होंने एसपीजी और एनएसजी जैसी सुरक्षा यूनिटों के साथ काम किया है। ये सभी जवान, विदेशी राष्ट्रध्यक्षों और सरकार के प्रमुखों के 'कारकेड' में चलेंगे। दूसरे स्थलों पर इन्हें सुरक्षा की अहम जिम्मेदारी सौंपी जाएगी।

विज्ञापन
Tight security arrangements are being made for the 18th G20 summit to be held in Delhi
G20 India - फोटो : g20.org

विस्तार

18 वां 'G20' सम्मेलन, नई दिल्ली में 9-10 सितंबर को आयोजित होगा। इसमें 19 देशों के राष्ट्र अध्यक्ष और सरकार के प्रमुख भाग लेंगे। इसके अलावा यूरोपीय संघ भी इस सम्मेलन में शिरकत करेगा। साथ ही नौ देशों के प्रमुख, बतौर अतिथि देश, जी20 की बैठक में हिस्सा लेंगे। केंद्रीय गृह मंत्रालय में इस सम्मेलन को लेकर तैयारी जोरों पर हैं। विदेशी मेहमानों की अचूक सुरक्षा के लिए सीआरपीएफ द्वारा ग्रेटर नोएडा स्थित, वीआईपी सिक्योरिटी ट्रेनिंग सेंटर में 1000 'रक्षकों' का विशेष दस्ता तैयार किया जा रहा है। देश के विभिन्न हिस्सों से सीआरपीएफ के 50 ट्रेनर, रक्षकों को तैयार करने में जुटे हैं। इन रक्षकों की लगभग 50 टीमें बनाई जाएंगी। इसके अलावा करीब तीस सौ बुलेटप्रूफ वाहन तैयार कराए जा रहे हैं। 

विज्ञापन


एसपीजी व एनएसजी में रहे हैं ये जवान 
सूत्रों के मुताबिक, सीआरपीएफ के वीआईपी ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट में जिन एक हजार जवानों को प्रशिक्षण दिया जा रहा है, वे सामान्य कर्मी नहीं हैं। इनमें वे सभी जवान शामिल हैं, जो पूर्व में वीआईपी सुरक्षा का हिस्सा रहे हैं। उन्होंने एसपीजी और एनएसजी जैसी सुरक्षा यूनिटों के साथ काम किया है। ये सभी जवान, विदेशी राष्ट्रध्यक्षों और सरकार के प्रमुखों के 'कारकेड' में चलेंगे। दूसरे स्थलों पर इन्हें सुरक्षा की अहम जिम्मेदारी सौंपी जाएगी। इन्हीं में से कुछ ड्राइवरों को भी ट्रेनिंग दी जा रही है। कई देशों में लेफ्टहैंड ड्राइविंग वाले वाहनों का चलन है, संभवत: दूसरे मुल्कों से ऐसी गाड़ियों को दिल्ली लाया जाएगा। यह जिम्मेदारी विदेश मंत्रालय को सौंपी गई है। सीआरपीएफ के ट्रेनिंग सेंटर पर दिल्ली पुलिस को भी प्रशिक्षण दिया जा रहा है। 
विज्ञापन


'कारकेड' से लेकर होटल तक की सुरक्षा
ट्रेनिंग सेंटर पर जवानों को 'कारकेड' से लेकर 'होटल' तक विदेशी मेहमानों की सुरक्षा का दायित्व सौंपा जाएगा। इन्हें उसी तरीके प्रशिक्षित किया जा रहा है। होटल या बैठक स्थल से निकलने के बाद वीआईपी को गाड़ी तक कैसे पहुंचाना है। उस वक्त सुरक्षा को लेकर जितने भी प्रोटोकॉल होते हैं, उनके बारे में बताया जा रहा है। गाड़ी में कैसे बैठना है, कोई घटना होती है तो उस वक्त सुरक्षा का कौन सा फार्मूला इस्तेमाल करना है, खतरे का आभास हो तो विदेशी मेहमान की सुरक्षा कैसे करनी है, आदि बातें सिखाई जा रही हैं। बीच रास्ते अगर गाड़ी में कोई तकनीकी खराबी आ जाए तो उस दौरान पहले, दूसरे व तीसरे नंबर वाले स्पेयर वाहन की स्थिति क्या रहेगी। कौन सी गाड़ी में विदेशी मेहमान को शिफ्ट किया जाएगा। मतलब, वीआईपी को किस तरह से 360 डिग्री डिफेंस प्रदान करनी है, ये सब ट्रेनिंग का हिस्सा है। यह ट्रेनिंग छह सितंबर तक चलती रहेगी। इसके बाद रिहर्सल होगी। विदेशी मेहमान जिस होटल में ठहरेंगे, वहां पर नाइट सिक्योरिटी के लिए अलग अलग सुरक्षा बलों को जिम्मेदारी सौंपी गई है। किसी भी जगह की जिम्मेदारी, एक सुरक्षा बल के पास नहीं रहेगी। जैसे नाइट हॉल्ट के दौरान बॉर्डर गॉर्डिंग फोर्स के साथ दिल्ली पुलिस का दस्ता रहेगा। 
विज्ञापन
विज्ञापन


प्रगति मैदान के बाहर तैनात रहेंगे 1300 जवान
सूत्रों के मुताबिक, प्रगति मैदान में दिल्ली पुलिस के साढ़े चार हजार जवान तैनात रहेंगे। खास बात ये है कि इनमें से कोई भी वर्दी में नहीं होगा। वे सभी जवान सूट बूट में होंगे और उनकी आंखों पर काला चश्मा रहेगा। इन जवानों को विशेष ट्रेनिंग दी जा रही है। इसके अलावा दिल्ली पुलिस ने 1300 जवानों को प्रगति मैदान के बाहर तैनात करने की योजना बनाई है। केंद्रीय गृह सचिव अजय कुमार भल्ला और दिल्ली पुलिस आयुक्त संजय अरोड़ा समेत अन्य शीर्ष अफसरों की बैठक में इन सभी तथ्यों पर चर्चा हो चुकी है। दिल्ली पुलिस के ऐसे जवान, जिन्हें प्रगति मैदान के बाहर तैनात किया जाएगा, वे सभी वर्दी में रहेंगे। इसके साथ ही ट्रैफिक पुलिस के 400 जवान, प्रगति मैदान और उसके आसपास रहेंगे। 

दो दिन पहले और दो दिन बाद, होगी छुट्टी 
जी20 सम्मेलन से दो दिन पहले और दो दिन बाद, नई दिल्ली क्षेत्र में स्थित दफ्तरों की छुट्टी हो सकती है। सम्मेलन के दौरान नई दिल्ली को पूरी तरह से बंद कर दिया जाएगा। चुनींदा वाहनों के लिए विशेष पास जारी होंगे। इसके अलावा केवल वही गाड़ियां चलेंगी, जो जरुरी होंगी। नई दिल्ली और प्रगति मैदान को दो हिस्सों में बांटा गया है। इनमें से नई दिल्ली को कंट्रोल एरिया बनाया जाएगा, जबकि प्रगति मैदान, सामान्य लोगों के लिए पूरी तरह 'नो एंट्री जोन' बनेगा। केंद्रीय गृह मंत्रालय ने प्रगति मैदान में एयर एंबुलेंस की व्यवस्था करने के लिए कहा है। सीआईएसएफ में सौ से अधिक जवानों को सामान चेक करने के लिए विशेष ट्रेनिंग दी जा रही है। जिन जगहों पर विदेशी मेहमान ठहरेंगे और बैठक स्थल, यहां इन्हीं जवानों को तैनात किया जाएगा। ड्राइवरों को भी प्रशिक्षण दिया जा रहा है। 


सम्मेलन में भाग लेंगे ये राष्ट्र, अतिथि देश भी रहेंगे 
जी20 देशों के समूह में अर्जेंटीना, ऑस्ट्रेलिया, ब्राजील, कनाडा, चीन, फ्रांस, जर्मनी, भारत, इंडोनेशिया, इटली, जापान, कोरिया गणराज्य, मैक्सिको, रूस, सऊदी अरब, दक्षिण अफ्रीका, तुर्किये, यूनाइटेड किंगडम और संयुक्त राज्य अमेरिका) और यूरोपीय संघ शामिल हैं। इन सदस्य देशों में वैश्विक सकल घरेलू उत्पाद का लगभग 85 प्रतिशत और वैश्विक व्यापार का 75 प्रतिशत से अधिक हिस्सा है। साथ ही इन देशों में विश्व की लगभग दो-तिहाई आबादी है। अतिथि देशों में बांग्लादेश, ईजिप्ट, मॉरिशस, नीदरलैंड, नाइजीरिया, ओमान, सिंगापुर, स्पेन और संयुक्त अरब अमीरात शामिल है। नियमित अंतरराष्ट्रीय संगठनों (यूएन, आईएमएफ, डब्ल्यूबी, डब्ल्यूएचओ, डब्ल्यूटीओ, आईएलओ, एफएसबी और ओईसीडी) और क्षेत्रीय संगठनों (एयू, एयूडीए-एनईपीएडी और आसियान) की पीठों के अतिरिक्त जी20 के अध्यक्ष के रूप में भारत द्वारा आईएसए, सीडीआरआई और एडीबी को अतिथि अंतर्राष्ट्रीय संगठनों के रूप में आमंत्रित किया जाएगा।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed