{"_id":"6346c77b3fccab1b8a583c20","slug":"there-was-pressure-on-me-to-betray-shiv-sena-landed-in-jail-as-i-did-not-pay-heed-to-it-raut-writes-to-mothe","type":"story","status":"publish","title_hn":"संजय राउत का मां को पत्र: मुझ पर शिव सेना को धोखा देने का डाला गया था दबाव, नहीं मानने पर जेल में डाल दिया गया","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
संजय राउत का मां को पत्र: मुझ पर शिव सेना को धोखा देने का डाला गया था दबाव, नहीं मानने पर जेल में डाल दिया गया
Wed, 12 Oct 2022 07:26 PM IST
Amit Mandal
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई
Published by: Amit Mandal
Updated Wed, 12 Oct 2022 07:26 PM IST
सार
राउत को प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने 1 अगस्त को मुंबई में पात्रा 'चॉल' के पुनर्विकास में कथित अनियमितताओं से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में गिरफ्तार किया था। वह फिलहाल न्यायिक हिरासत में है।
विज्ञापन
संजय राउत
- फोटो : social media
विस्तार
मनी लॉन्ड्रिंग के आरोपों में जेल में बंद शिवसेना नेता संजय राउत ने दावा किया है कि उन पर अपनी पार्टी को धोखा देने का दबाव था, और इसे नहीं मानने के कारण उन्हें जेल में बंद कर दिया। अपनी गिरफ्तारी के एक हफ्ते बाद 8 अगस्त को अपनी मां को लिखे एक पत्र में राउत ने कहा कि शिवसेना अध्यक्ष उद्धव ठाकरे और शिव सैनिक उनके अपने बच्चों की तरह हैं और जब तक वह जेल में रहेंगे, वे उनकी देखभाल करेंगे। राउत ने आरोप लगाया कि हर कोई जानता है कि उसे झूठे और फर्जी आरोपों के तहत फंसाया गया है और बंदूक की नोक पर उससे बयान लिए जाते रहे।
विज्ञापन
राउत को 1 अगस्त को गिरफ्तार किया गया था
राउत को प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने 1 अगस्त को मुंबई में पात्रा 'चॉल' के पुनर्विकास में कथित अनियमितताओं से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में गिरफ्तार किया था। वह फिलहाल न्यायिक हिरासत में है। ईडी की जांच उपनगरीय गोरेगांव में चॉल या घरों के पुनर्विकास से संबंधित 1,034 करोड़ रुपये की कथित वित्तीय अनियमितताओं और कथित रूप से उनकी पत्नी और सहयोगियों से संबंधित वित्तीय लेनदेन से संबंधित है। शिवसेना के मुखपत्र 'सामना' के कार्यकारी संपादक राउत ने कहा कि स्वतंत्रता सेनानियों लोकमान्य तिलक और विनायक दोमादार सावरकर को समान व्यवहार का सामना करना पड़ा था।
विज्ञापन
आपकी तरह शिवसेना भी मेरी मां है...
आपकी तरह शिवसेना भी मेरी मां है। मुझ पर अपनी मां (पार्टी) को धोखा देने का दबाव था। सरकार के खिलाफ न बोलने की धमकी दी गई थी क्योंकि यह महंगा साबित होगा। मैंने खतरे पर ध्यान नहीं दिया, इसलिए मैं आपसे दूर हूं। इस पत्र को उन्होंने बुधवार को ट्वीट किया। उन्होंने कहा कि उद्धव ठाकरे, जो शिवसेना के एक धड़े का नेतृत्व करते हैं, उनके प्रिय मित्र और नेता हैं। शिवसेना के संस्थापक बाल ठाकरे का सामना करना मुश्किल होगा यदि उन्होंने उद्धव का साथ उनके कठिन समय में छोड़ दिया।
विज्ञापन
राउत ने अपनी मां को यह भी आश्वासन दिया कि वह निश्चित रूप से जेल से बाहर होंगे क्योंकि महाराष्ट्र की आत्मा है और देश को नहीं मारा जा सकता है। ईडी द्वारा राउत की गिरफ्तारी के समय उनकी मां ने उन्हें गले लगाया था और जब उन्हें ले जाया जा रहा था तब वे रोने लगे थे। सितंबर और अक्टूबर में आयोजित दो अलग-अलग रैलियों में उद्धव ठाकरे के नेतृत्व वाले गुट ने राउत के नाम के साथ एक कुर्सी खाली रखी थी, ताकि यह संदेश दिया जा सके कि पार्टी उनका कितना समर्थन करती है। उद्धव और उनकी पत्नी रश्मि राउत के परिवार के पास अलग-अलग अंतराल पर उनका समर्थन दिखाने के लिए गए हैं।